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जुमे की नमाज के बाद कश्मीर घाटी में हिंसक प्रदर्शन, जवानों पर पेट्रोल बम से हमला

Fri, 03 Feb 2017 09:49 PM IST
अमृतपाल सिंह बाली, अमर उजाला/श्रीनगर
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घाटी में हिंसक प्रदर्शन - फोटो : PTI
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घाटी में शुक्रवार को एक बार फिर जुमे की नमाज के बाद हिंसक प्रदर्शन हुआ। अलगाववादियों की बंद की काल के चलते जनजीवन काफी प्रभावित हुआ।
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अलगाववादियों नमाज के बाद लोगों से बंद और प्रदर्शन करने की अपील की थी। यह बंद कुलगाम जिले में रहने वाले मुजफ्फर अहमद को हाल ही में बंगाल कोर्ट द्वारा सुनाई गई मौत की सजा के विरोध में किया गया था।

श्रीनगर के नौहट्टा इलाके में नमाज खतम होते ही कुछ युवाओं ने रैली निकालनी चाही, जिसे सुरक्षाबलों ने आगे नहीं बढ़ने दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच टकराव हुआ। युवाओं द्वारा जमकर पत्थरबाजी की गई और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों द्वारा आंसू गैस के गोले दागे गए। इस दौरान करीब आधा दर्जन लोग घायल हुए। इनमें दो फोटाग्राफर इरफान अहमद और फारूक जावेद भी घायल हुए। इरफान को सिर पर चोट लगी है।
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मीरवाइज और उमर फारूक नजर बंद

सुरक्षाबलों पर पथराव करते युवक - फोटो : PTI
प्रदर्शन के दौरान युवाओं की ओर से सुरक्षाबलों पर पेट्रोल बम भी फेंका गया। इससे सीआरपीएफ के जवान के कपड़ों में आग लग गई। इसमें वह झुलस गया।

घाटी के कई हिस्सों से जुमे की नमाज के बाद प्रदर्शनों की खबरें मिली हैं। सुरक्षाबलों और प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक झड़प भी हुई। अलगाववादी नेता और हुर्रियत (ग) के अध्यक्ष मीरवाइज मौलवी उमर फारूक को भी जामिया मस्जिद में नमाज पढ़ाने की अनुमति नहीं दी गई और घर में ही नजरबंद रखा गया।

गौरतलब है कि बंद के चलते सभी दुकानें और कारोबारी इदारे बंद रहे। सड़कों पर पब्लिक ट्रांसपोर्ट गायब रहा। हालातों की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। सभी संवेदनशील इलाकों में जवानों की अतिरिक्त तैनाती की गई थी ताकि किसी भी स्थिति से निपटा जा सके। 
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