नए कानून पर पीपुल्स डेमोक्रटिक पार्टी (पीडीपी) ने कड़ा विरोध दर्ज कराते हुए कहा कि केंद्र सरकार के इन अप्रत्यक्ष तरीकों का मकसद प्रदेश की जनसांख्यिकी में बदलाव करना है। आरोप लगाया कि केंद्र का लक्ष्य जम्मू-कश्मीर के मुस्लिम बहुलता वाले राज्य की संरचना को बदलने का है। वह भी ऐसे समय में जब इस देश में सभी चीजों को धर्म के चश्मे से देखा जा रहा है।
पार्टी प्रवक्ता ने बयान जारी करते हुए कहा कि एजेंडा सामने आने के साथ ही यह स्पष्ट हो गया है कि उनकी मंशा जनसांख्यिकीय बदलाव करने की है। नौकरियां, प्राकृतिक संसाधन, सांस्कृतिक पहचान और वे सभी चीजें जिन्हें कश्मीर के लोगों ने सुदृढ़ सांविधानिक गारंटी के माध्यम से बचा कर रखा था वह सभी उनके निशाने पर हैं।