उधमपुर जिला मुख्यालय से करीब आठ किलोमीटर दूर दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां कालड़ी इलाके के जंगल से बुधवार सुबह व्यक्ति की सिरकटी लाश बरामद हुई है। इसके 20 फुट दूर खून से सने जूते और बैग पड़ा था। मृतक के शरीर पर तेजधार हथियार से हमले के भी निशान नजर आए हैं। ग्रामीणों ने जब लाश देखी तो तुरंत पुलिस को सूचित किया। घटनास्थल पर पहुंची पुलिस टीम ने शव को उठाकर पहचान और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल में पहुंचाया।
पुलिस टीम करीब तीन घंटे तक सिर की तलाश में जंगल को खंगालती रही, लेकिन सिर नहीं मिला है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिक जांच में मामला हत्या का लग रहा है। किसी ने सोची-समझी साजिश के तहत व्यक्ति की हत्या की है और पहचान छुपाने के लिए सिर को धड़ से अलग कर दिया है।
सुबह करीब दस बजे स्थानीय लोगों ने जंगल के अंदर एक खाई में सिरकटी लाश देखी। सूचना के बाद एसएचओ रघुवीर सिंह टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और छानबीन शुरू कर दी। शव का सिर गायब था। मरने वाले के शरीर पर पैंट और कमीज थी।
पुलिस ने जंगल के आसपास रहने वाले ग्रामीणों से भी पूछताछ की है। ग्रामीणों का कहना है कि इस जंगल में बहुत ज्यादा जंगली जानवर हैं। हो सकता है किसी जानवर ने हमला कर व्यक्ति को मार दिया हो, लेकिन केवल धड़ को अलग कर ले जाना जानवर का काम नहीं लगता है। पुलिस के लिए इस मामले को सुलझाना बड़ी चुनौती होगा। हालांकि पुलिस ने मामले की जांच कर रही है। शव के पहनावे को देखकर लगता है कि व्यक्ति कोई ग्रामीण ही है। पुलिस ने धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
तीन महीने पहले भी मिला था अज्ञात शव
करीब तीन महीने पहले शहर के अंदर जागृति वृद्ध आश्रम के पास नाले से अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद हुआ था। व्यक्ति को हत्या करने के बाद बोरी में बंद कर नाले में फेंक दिया गया था। उसके हाथ पैर भी बांध कर रखे थे। तीन माह बाद भी पुलिस न तो व्यक्ति की पहचान नहीं कर सकी और न रही हत्या करने वालों का पता लगा सकी। पुलिस के लिए इस मामले को सुलझाना चुनौती बना हुआ है और अब इसी तरह से दूसरा मामला सामने आने के बाद पुलिस की परेशानी दुगनी हो गई है।
शव को पहचान और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल के शवगृह में रखा गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। कटे हुए सिर की तलाश की जा रही है। पुलिस का प्रयास होगा कि जल्द शव की पहचान करने के साथ मामले को सुलझा लिया जाए।
-अनवर-उल-हक, एएसपी, उधमपुरI