पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि कश्मीर पर तीसरे पक्ष की मध्यस्थता के बारे में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का खुलासा नीति में बड़े बदलाव को जाहिर करता है। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान को इस मौके का इस्तेमाल बातचीत के माध्यम से शांति स्थापित करने के लिए करना चाहिए।
पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने मंगलवार को एक ट्वीट कर कहा कि, जम्मू कश्मीर पर तीसरे पक्ष की मध्यस्थता के विचार को भारत सरकार द्वारा खारिज किए जाने के बावजूद ट्रंप का कथन नीति में बड़े बदलाव को जाहिर करता है।
टकराव सुलझाने में अमेरिका का भी कोई शानदार रिकार्ड नहीं रहा है, लेकिन आशा है कि दोनों देश इस मौके का इस्तेमाल वार्ता के जरिये शांति स्थापित करने के लिए करेंगे। इससे पहले सोमवार को ट्रंप के मध्यस्थता के दावे पर पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सरकार से जवाब देने की मांग की थी।
ट्वीट कर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा था कि, क्या भारत सरकार डोनाल्ड ट्रंप को झूठा कहेगी या फिर उसकी नीति में अघोषित परिवर्तन हो गया है? क्या वह कश्मीर मुद्दे पर तीसरे पक्ष के दखल को राजी हो गई है?