केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री प्रहलाद पटेल
लद्दाख पर्यटन के मानचित्र पर अलग चमके इसके लिए सरकार ने कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। गुरुवार को केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री प्रहलाद पटेल ने अपनी तीन दिवसीय यात्रा के अंतिम दिन कहा कि वह सभी दूतावासों को पत्र लिखेंगे कि भविष्य में जम्मू कश्मीर को लेकर जारी होने वाली किसी ऐतिहाती एडवाइजरी में नवगठित केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख को शामिल न करें।
एक दिन पहले स्थानीय पर्यटन से जुड़े लोगों ने मंत्री से यह अनुरोध किया था कि वह दुनिया को यह बताएं लद्दाख अब जम्मू-कश्मीर का हिस्सा नहीं है। अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के लिए यह इलाका पूरी तरह शांत और सुरक्षित है।
उन्होंने कहा कि पर्यटक सुंदरता देखना चाहते हैं, लेकिन वे साथ ही शांति भी चाहते हैं। यदि आप पर्यटन को बढ़ावा देना चाहते हैं तो हमें सुविधाएं विकसित करनी होगी। इसमें समय लगेगा। हमें प्रशिक्षण देने वाले संस्थानों की भी आवश्यकता है। कई चीजों पर काम किया जाना है।
उन्होंने पर्यटन क्षेत्र से अपील की वह केंद्रीय मंत्रालय के साथ मिलकर क्षेत्र के लिए एक पर्यटन नीति बनाएं। कह, संसाधनों का वितरण और बुनियादी ढांचों में निवेश लेह और कारगिल में समान रूप से होगा।