स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा वित्तीय आयुक्त अटल डुल्लू ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में सिगरेट व अन्य किसी भी तरह के तंबाकू के उपयोग की दर में हाल के वर्षों में 2 से 3 प्रतिशत की गिरावट आई है, लेकिन जब तक यह शून्य प्रतिशत तक नहीं पहुंचता, तब तक यह उपलब्धि नहीं है।
डुल्लू श्रीनगर में स्वास्थ्य निदेशालय कश्मीर की ओर से कोटपा, 2003 के प्रभावी क्रियान्वयन पर हितधारकों के लिए करवाई गई राज्य स्तरीय कार्यशाला में बोल रहे थे।
कार्यशाला में निदेशक स्वास्थ्य कश्मीर डॉ. कुन्जेस डोलमा ने स्वास्थ्य पर तंबाकू या सिगरेट के बुरे प्रभावों के बारे में लोगों को शिक्षित करने के लिए जागरूकता और संवेदीकरण कार्यक्रमों के महत्व पर प्रकाश डाला।
राज्य में तंबाकू और इसके जुड़े उत्पादों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध की आवश्यकता पर बल देते हुए आयुक्त खाद्य सुरक्षा विनोद शर्मा ने इस खतरे से निपटने के लिए समाज के समर्थन पर जोर दिया।