शिक्षा विभाग की तरफ से शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन अभी तक शिक्षा विभाग में हजारों की संख्या में अप्रशिक्षित शिक्षक मौजूद हैं। इन प्रशिक्षित शिक्षकों के कारण सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को जिस तरह की शिक्षा मिलनी चाहिए थी। वह मिल नहीं पा रही है।
इनके प्रशिक्षण को लेकर शिक्षा विभाग इग्नो के जरिए बीएड करवाने का प्रयास कर रहा है, लेकिन इसमें कामयाबी मिल नहीं पा रही है। पूरे राज्य में 24625 सरकारी स्कूल हैं, जिनमें लाखों की संख्या में विद्यार्थी शिक्षा हासिल कर रहे हैं।
इन स्कूलों में नियुक्त शिक्षकों की संख्या 143103 है। इनमें से 13565 शिक्षक ऐसे हैं, जिन्होंने विद्यार्थियों को पढ़ाने का कोई प्रशिक्षण हासिल नहीं किया है। इनको 12वीं पास या फिर ग्रेजूएशन के आधार पर शिक्षक नियुक्त कर दिया गया, लेकिन इनके पास स्कूलों में पढ़ाने का कोई अनुभव नहीं है।
शिक्षा विभाग ने इग्नो के जरिये इन शिक्षकों को बीएड करवाने की योजना तैयार की थी, लेकिन इसमें कामयाबी मिल नहीं पाई है। शिक्षा विभाग का इग्नो के साथ समझौता हो नहीं पा रहा है।