मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि पीडीपी-भाजपा का एजेंडा आफ एलायंस मात्र दो राजनीतिक दलों के बीच का समझौता नहीं है बल्कि जम्मू-कश्मीर को शांति, स्थायित्व तथा समृद्धि के नए दौर में ले जाने के लिए देश के एक अरब से अधिक लोगों का एजेंडा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू-कश्मीर सरकार की पूरी मदद का आश्वासन दिया है। उन्होंने खुद कहा है कि जम्मू कश्मीर की समस्याओं के हल के लिए मुफ्ती मोहम्मद सईद का विजन ही कारगर है। प्रधानमंत्री ने विदेश दौरे से लौटते ही इस विश्वास को प्रशस्त करते हुए जम्मू कश्मीर को पूरी तवज्जो देने का भरोसा दिया है।
मुख्यमंत्री का पदभार संभालने पर मंगलवार को राज्य भर से बधाई देने पहुंचे लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि विकास और समृद्धि को जमीनी स्तर पर लाना तभी संभव है जब यहां पर शांति तथा स्थायित्व हो।
इसे न केवल जम्मू-कश्मीर के लोग बल्कि पूरे देश की जनता को जोड़कर राज्य के सामने पेश आ रही चुनौतियों का मुकाबला करना है। उन्होंने कहा कि रियासत को मुश्किलों से निकालकर आगे लेकर जाने के लिए जो उम्मीदें बंधी हैं वह केवल जम्मू कश्मीर नहीं बल्कि देश भर के लोगों का प्रतिनिधित्व करती हैं।
मंत्री-नौकरशाह की शिकायत सीधे सीएम कार्यालय में करें
महबूबा मुफ्ती
- फोटो : Amar Ujala
जम्मू से लेकर कश्मीर खित्ते में लोगों ने कई मुश्किलें झेली हैं। जम्मू में सरहदी इलाकों से सटे लोग जहां आए दिन गोलीबारी से प्रभावित होते हैं तो कश्मीर में मानव त्रासदियों से लेकर आर्थिक नुक्सान झेलना पड़ा है। ऐसे माहौल में सकारात्मक कदम उठाना लाजमी है जिसके लिए गठबंधन सरकार सत्ता और सियासी पृष्ठभूमि से ऊपर उठकर अवाम की उम्मीदों को पूरा करने का प्रयास करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा अवाम के राजनीतिक, आर्थिक और सुरक्षा से जुड़े मामलों का हल एक ऐसा मुद्दा है जिसके लिए दलगत मानसिकता से ऊपर उठाकर हर स्तर पर राजनीतिक इच्छाशक्ति दिखानी होगी।
अवाम में विश्वास जगाने के लिए निर्णायक कदम उठाने होंगे। जम्मू कश्मीर में राजनीतिक अस्थिरता, आर्थिक तंगहाली, विकास में पिछड़ापन और बढ़ती बेरोजगारी के मुद्दे जम्मू कश्मीर की परिस्थतियों को विषम बनाते हैं इसके लिए ठोस कदम उठाने होंगे। इस अवसर पर मंत्री और विधायक भी मौजूद थे।
महबूबा ने कहा तमाम विपरीत परिस्थितियों के बावजूद रियासत के युवाओं ने खुद को साबित कर दिखाया है। ऐसे में यहां के युवाओं को उदारवाद और भूमंडलीकरण के लाभ दिलाना सरकार की जिम्मेदारी है।
सरकार के मंत्रियों और नौकरशाहों के दरवाजे आम जनता के लिए खुले रहेंगे। मंत्री या फिर नौकरशाह की कार्यप्रणाली संतोषजनक नहीं है तो शिकायत सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में ली जाएगी। सरकार उचित व्यवस्था सुनिश्चित करेगी।