रविवार की रात जिस जगह पर चारों ओर खुशियों का माहौल था, देर रात तक परिवार और रिश्तेदारों ने एक साल की तान्या का जन्मदिन धूमधाम से मनाया था। उसी स्थान पर सुबह मातम छाया था।
बरामदे में समारोह के लिए बड़े बर्तन बता रहे थे कि रविवार की रात यहां काफी संख्या में लोगों ने भाग लिया था। सुबह घर के तमाम लोग अस्पताल में थे। बस घर में कोई था तो वह नन्हीं तान्या, जो अपनी मां की गोद में थी। घर में लोगों का मजमा लगा हुआ था।
हर कोई छत पर जाकर खून से सने बिस्तरों को देख रहा था, जहां पाकिस्तानी गोलाबारी से रामलाल की मौत हो गई और अन्य बुरी तरह जख्मी हो गए। तान्या का पिता किशोर भी अस्पताल में भर्ती है।
किशोर की पत्नी के अनुसार बच्ची के पहले जन्मदिन पर जालो चक स्थित उनके मायके से शुभम, मुकेश और राकेश आए थे। रात के समय काफी देर तक सभी नाचते रहे। लेकिन बाद में सभी को पाक गोलाबारी ने अपनी चपेट में ले लिया।