जम्मू में सरोर टोल प्लाजा समेत ट्रांसपोर्ट कारोबार से जुड़े नए नियमों के विरोध में गुरुवार को राज्यव्यापी हड़ताल चल रही है। ऑल जेएंडके ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन ने लखनपुर से श्रीनगर तक चक्काजाम का एलान किया है। हड़ताल में बसें, मिनी बसें, ऑटो और टैक्सी को शामिल किया गया है। हड़ताल में लगभग दस हजार वाहन शामिल हैं। 14 अक्तूबर से जम्मू-कठुआ रूट की बसें और सरोर टोल प्लाजा के रूटों से जुड़ीं मेटाडोर पहले से बेमियादी हड़ताल पर हैं।
ऑल जेएंडके ट्रांसपोर्टरों वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष टीएस वजीर ने कहा कि ट्रांसपोर्टरों के प्रति सरकार की गलत नीतियों के चलते उन्हें मजबूरन हड़ताल पर जाना पड़ रहा है। एसोसिएशन ने सरकार को 15 अक्तूबर को हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी थी लेकिन सरकार की ओर से कोई भी कदम नहीं उठाया गया।
वजीर ने कहा कि 2 अगस्त और 19 सितंबर को ट्रांसपोर्टरों ने राज्यपाल सत्यपाल मलिक से मुलाकात कर अपनी समस्याओं से अवगत करवाया था। इन पर राहत देने के बजाय अब सरोर टोल प्लाजा शुरू कर दिया गया है। कठुआ बस सर्विस के महाप्रबंधक रछपाल सिंह ने बताया कि तीन दिन में लाखों का नुकसान हो चुका है फिर भी ट्रांसपोर्टर आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे।
परिवहन निगम ने की वैकल्पिक तैयारी
हड़ताल को लेकर जम्मू-कश्मीर राज्य परिवहन निगम ने वैकल्पिक इंतजाम करने का दावा किया है। निगम के अनुसार शहर में 20 इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी। लंबे रूट पर आधा दर्जन बसें चलेंगी। निगम के जम्मू संभाग के जीएम ऑपरेशनल प्रमजीत सिंह ने कहा कि जरूरत के मुताबिक शहर के साथ लंबे रूट पर भी बसें चलाएंगे।