जम्मू। लॉकडाउन के बीच एक माह से अधिक समय बाद विकास प्रोजेक्टों को गति देने के उद्देश्य से जम्मू-कश्मीर में स्टोन क्रशर शुरू किए जाएंगे। इसके लिए उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने मंजूरी दे दी है। इसमें वैध और पंजीकृत स्टोन क्रशर धारकों को एनजीटी और एसओपी मानकों को पूरा करने के बाद इकाइयां शुरू करने की अनुमति दी जाएगी। निर्माण सामग्री में रेत, पत्थर आदि की कमी के कारण सभी विकास प्रोजेक्ट रुके हुए थे।
कोविड महामारी के चलते जम्मू-कश्मीर में स्टोन क्रशर बंद किए गए थे। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग जम्मू की निदेशक अनु मल्होत्रा और कश्मीर के निदेशक महमूद अहमद शाह ने आदेश जारी कर स्टोर क्रशर को शुरू करने की मंजूरी दी है। जम्मू की निदेशक मल्होत्रा ने बतया कि स्टेंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसिजर (एसओपी) प्रोजेक्ट के तहत विकास/निर्माण व अन्य इंडस्ट्रियल इस्टेट को 3(सी), (5) के तहत मंजूरी दी गई है। इसमें ईंट भट्ठे पहले ही खोल दिए गए थे। सरकार की ओर से अन्य निर्माण गतिविधियों को बहाल किया जा रहा है। स्टोन क्रशर के उद्योग से जुड़े प्रतिनिधियों ने रेत, पत्थर आदि के निर्माण की मांग की थी। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने इस पर निरीक्षण करने के बाद स्टोन क्रशर को शुरू करने की मंजूरी दी है। आयुक्त सचिव एमके द्विवेदी ने उम्मीद जताई की कि स्टोन क्रशर इकाइयों के शुरू होने से निर्माण गतिविधियों की सप्लाई चैन को बल मिलेगा। उन्होंने कहा कि ऐसी इकाइयों में सामाजिक दूरी और अन्य दूसरी गाइड लाइन का सख्ती से पालन करवाया जाएगा।