जिला उपायुक्त कार्यालय में स्टेट सब्जेक्ट लेने के लिए लोगों को चक्कर काटने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जबकि अधिकारियों की बैठकों का सिलसिला खत्म ही नहीं हो पा रहा है। नतीजतन लोगों को परेशानियों से जूझना पड़ रहा है।
डीसी आफिस में स्टेट सब्जेक्ट की सैकड़ों फाइलें पेंडिंग हैं, जिनका निपटारा नहीं किया गया है, जबकि अधिकारी इनकी संख्या बहुत कम बताते हैं। डीसी आफिस में एक मां-बेटी ने 2013 से स्टेट सब्जेक्ट के लिए अप्लाई किया था, लेकिन अभी तक उनका स्टेट सब्जेक्ट नहीं बना।
कारण यह रहा है कि उनकी स्टेट सब्जेक्ट की फाइल ही गुम हो गई है। मां-बेटी कभी सिंगल विंडो तो कभी क्लर्कों के कमरे के चक्कर काटती नजर आती हैं। डीसी आफिस स्थित नजूल सेक्शन में सैकड़ों फाइलें पेंडिंग हैं।
एसीआर दीप राज के मुताबिक उनके आने पर तीन सौ के करीब फाइलें थीं, लेकिन कार्यभार संभालने के कुछ दिनों में ही उन्होंने फाइलों को निपटाना शुरू कर दिया। अभी नाममात्र ही फाइलें बची हैं। उन्हें भी जल्द निकाल दिया जाएगा।