- भर्ती घोटाले में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से लगाई न्याय की गुहार, व्यवस्थागत लापरवाही के खिलाफ की नारेबाजी
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा विभाग में नौकरी के लिए आवेदन करने वाले सैकड़ों उम्मीदवारों ने शुक्रवार को श्रीनगर में प्रदर्शन किया और लंबे समय से चल रहे भर्ती घोटाले में न्याय और जवाबदेही की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के वादे सहित अधिकारियों के बार-बार आश्वासन के बावजूद एक दशक से भी ज्यादा समय से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उम्मीदवारों ने इस घोटाले को सुलझाने में व्यवस्थागत लापरवाही के खिलाफ नारेबाजी की। कहा कि इस कारण मेधावी युवाओं को सरकारी नौकरियों से वंचित होना पड़ा। उन्होंने निष्पक्ष जांच और भर्ती सूचियों में छेड़छाड़ करने वालों को कड़ी सजा देने की मांग वाली तख्तियां उठा रखी थीं।
प्रदर्शनकारी उम्मीदवारों में से एक ने कहा कि हम बार-बार सड़कों पर उतरे हैं फिर भी कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। पिछले 12 सालों से हम न्याय का इंतजार कर रहे हैं। हममें से कई लोग ऊपरी आयु सीमा पार कर चुके हैं और सरकारी नौकरी की उम्मीद छोड़ चुके हैं। यह न केवल धोखाधड़ी है बल्कि घोर अन्याय भी है। अभ्यर्थियों ने याद दिलाया कि जब उन्होंने पहले यह मुद्दा उठाया था तो उपराज्यपाल ने उन्हें न्याय दिलाने का आश्वासन दिया था।
एक अन्य अभ्यर्थी ने कहा कि एलजी साहब ने स्वयं हमसे वादा किया था कि कार्रवाई की जाएगी और दोषियों को सजा दी जाएगी लेकिन कई साल बीत गए हैं और हम अभी भी उस वादे के पूरा होने का इंतज़ार कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों के अनुसार अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा विभाग में भर्ती प्रक्रिया एक दशक से भी ज्यादा समय से धांधली और अनियमितताओं के आरोपों से घिरी हुई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि अयोग्य उम्मीदवारों को धोखाधड़ी के जरिए शामिल किया गया जबकि असली उम्मीदवारों को दरकिनार कर दिया गया। एक पीड़ित ने कहा कि हमें सबसे ज्यादा दुख इस बात का है कि यह मामला नया नहीं है। यह 12 साल से भी ज्यादा समय से सार्वजनिक चर्चा का विषय रहा है। एक के बाद एक सरकारों ने इसे नजरअंदाज किया और अब वर्तमान प्रशासन ने भी बार-बार वादा करने के बावजूद कुछ नहीं किया।
इस दौरान अभ्यर्थियों ने सरकार से एक स्वतंत्र जांच समिति गठित करने या मामले की गहन जांच किसी भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी को सौंपकर तत्काल कदम उठाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जब तक दोषियों को दंडित नहीं किया जाता भर्ती प्रणाली में जनता का विश्वास डगमगाता रहेगा।