संवाद न्यूज एजेंसी
अनंतनाग। दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले में प्रशासन ने बॉटनिकल गार्डन कोकरनाग परिसर के अंदर और आसपास एकल-उपयोग वाली प्लास्टिक वस्तुओं के प्रवेश, बिक्री और भंडारण पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है।
एसडीएम कोकरनाग की ओर से शुक्रवार को जारी एक आदेश के मुताबिक यह कदम गार्डन में प्लास्टिक प्रदूषण की बार-बार मिल रही शिकायतों के बाद उठाया गया है जिससे न केवल पर्यावरण को खतरा है बल्कि कोकरनाग झरना भी दूषित हो रहा है जो पेयजल और ट्राउट मछली फार्म के लिए आपूर्ति का एक महत्वपूर्ण स्रोत है।
आदेश में कहा गया है कि नियमित सफाई अभियानों के बावजूद प्लास्टिक का ढेर पानी की आपूर्ति को अवरुद्ध कर रहा है जिससे जलीय जीवन और जन स्वास्थ्य को खतरा पैदा हो रहा है। अधिकारियों ने कहा कि मौजूदा सरकारी प्रतिबंधों के बावजूद गार्डन में डिस्पोजेबल प्लेट, कप, गिलास, चम्मच और अन्य प्लास्टिक की वस्तुएं बिखरी हुई पाई गईं। प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के प्रावधान और गैर-बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक वस्तुओं पर प्रतिबंध लगाने वाले जम्मू-कश्मीर सरकार के आदेशों का हवाला देते हुए एसडीएम ने कहा कि इस निर्देश का उल्लंघन करने पर कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वहीं लोगों ने जिला प्रशासन द्वारा जारी किए गए इस निर्देश का स्वागत करते हुए कहा कि पहले स्थानीय लोग कोकरनाग झरने का पानी पीते थे लेकिन आज स्थिति वैसी नहीं रही। ये हमारे लिए बहुमूल्य पानी के स्रोत हैं और हमारा फर्ज बनता है इन्हे साफ रखना।
एक स्थानीय मोहम्मद सिदीक ने कहा कि हम लोग बिना पाबंदियों के किसी चीज का पालन नहीं करते। अच्छी बात है कि प्रशासन ने आदेश जारी किया है और उम्मीद करते हैं कि इससे हमारा कोकरनाग झरना एक बार फिर से साफ हो जाएगा जैसा कि पहले था।