फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'शाही फरमान': लद्दाख प्रशासन के नोटिस पर भड़के सोनम वांगचुक, बोले- स्कूल बंद कर शराब के बार खोलो

Thu, 05 Nov 2026 09:26 AM IST
अनुज कुमार एएनआई, लेह (लद्दाख)

सार

लद्दाख प्रशासन ने सोनम वांगचुक के डेजर्ट फ्लावर स्कूल को नोटिस जारी किया है। इस पर वांगचुक ने कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि प्रशासन स्कूल बंद कर शराब के बार खोल रहा है।
विज्ञापन
सोनम वांगचुक - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने लद्दाख प्रशासन द्वारा 'हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ अल्टरनेटिव लर्निंग' (एचआईएएल) को जारी नोटिस की आलोचना की है। इस नोटिस में फ्यांग स्थित 'डेजर्ट फ्लावर स्कूल' में सभी गतिविधियां रोकने को कहा गया है। प्रशासन ने यह निर्देश जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाई कोर्ट के फैसले तक लागू रहने को कहा है।

विज्ञापन


वांगचुक ने बुधवार को 'एक्स' (ट्विटर) पर इस नोटिस को "शाही फरमान" बताया। उन्होंने प्रशासन के फैसले पर सवाल उठाते हुए लिखा, "स्कूल बंद करो और शराब के बार खोलो।" उन्होंने मीडिया संस्थानों से भी अपील की कि वे उपराज्यपाल प्रशासन की प्रेस कॉन्फ्रेंस के साथ उनकी प्रतिक्रिया को भी जगह दें। 

वांगचुक ने 'ग्लोबल प्रेस फ्रीडम इंडेक्स' में भारत की स्थिति का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मीडिया को निष्पक्षता दिखानी चाहिए। वांगचुक ने एचआईएएल का बचाव करते हुए उसकी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मान्यताएं गिनाईं। उन्होंने बताया कि भारत की संसदीय शिक्षा समिति ने एचआईएएल के मॉडल को पूरे देश में लागू करने की सिफारिश की थी। लंदन के विक्टोरिया एंड अल्बर्ट म्यूजियम में इसे स्थायी रूप से प्रदर्शित किया गया है।
विज्ञापन


प्रशासन का नोटिस और आरोप
लद्दाख प्रशासन ने मंगलवार को एचआईएएल को यह नोटिस जारी किया था। यह संस्थान सोनम वांगचुक और गीतांजलि जे. आंगमो द्वारा सह-स्थापित है। लेह के तहसीलदार कार्यालय ने HIAL की संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी गीतांजलि जे. आंगमो को नोटिस दिया। प्रशासन का आरोप है कि 'डेजर्ट फ्लावर स्कूल' में बिना उचित सहमति या अनुमति के कक्षाएं और अन्य गतिविधियां शुरू की गई थीं।

अनुमति के लिए आवेदन
नोटिस में यह भी बताया गया है कि आंगमो ने 22 सितंबर को लेह के उपायुक्त को पत्र लिखा था। उन्होंने एचआईएएल इकोसिस्टम के तहत 'डेजर्ट फ्लावर स्कूल' की प्रबंध समिति के प्रस्तावित सदस्यों के लिए मंजूरी मांगी थी। यह 'नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट' (एनओसी) या अनुमति प्राप्त करने के लिए किया गया था। प्रशासन ने इस मामले में हाई कोर्ट के फैसले का इंतजार करने को कहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें