रामबन से सटे मिहार इलाके में पहाड़ी के एक बड़े हिस्से को मंगलवार को भी रास्ते से नहीं हटाया जा सका। देर शाम तक मार्ग पर मलबे को हटाने के लिए विभिन्न निर्माण एजेंसियों के साथ एसडीआरएफ की मदद ली जा रही थी। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग के दूसरे दिन भी बंद रहने से दोनों ओर से हजारों वाहन फंसे हुए हैं। घाटी की ओर जाने वाले बड़ी संख्या में यात्री जम्मू में फंसे हुए हैं।
रियासत के पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी के साथ मैदानी इलाकों में बारिश से मौसम बदल गया है। मौसम विभाग श्रीनगर के अनुसार अगले चौबीस घंटों में भी मौसम का ऐसा ही मिजाज बना रहेगा। मिहार इलाके में करीब दो सौ मीटर पहाड़ी के हिस्से को हटाने के लिए निर्माण एजेंसियों को कड़ी कसरत करनी पड़ रही है।
एसएसपी ट्रैफिक हाईवे संजय भगत के अनुसार पहाड़ी के साथ बड़ी मात्रा में मलबा हाईवे पर आ गया है। जिसे हटाने के लिए युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है। जम्मू संभाग के पर्यटक स्थल नत्थाटाप में बर्फबारी हुई। घाटी के पर्वतीय इलाकों में हल्की बर्फबारी हुई है। जम्मू में दिनभर हल्की बारिश होती रही। संभाग के अधिकांश हिस्सों में दिन का पारा सामान्य से 2-3 डिग्री लुढ़का है।
इस बीच आईजीपी ट्रैफिक जगजीत कुमार ने ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर नगरोटा-उधमपुर रोड पर जाम सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा की। बन टोल प्लाजा पर जाम से निजात के लिए कोलेक्शन केंद्रों को बढ़ाने के साथ कैशलेस सिस्टम को लागू करने पर जोर दिया गया। अन्य मुद्दों में स्पीड ब्रेकर, साइन बोर्ड, जेबरा क्रासिंग, ओवरलोडिंग आदि पर चर्चा की गई।