कश्मीर घाटी में हिंसक प्रदर्शन
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घाटी में अलगाववादियों के बंद से रविवार को सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ। कुपवाड़ा में सैन्य ठिकाने पर आतंकी हमला में आतंकियों के मारे जाने के बाद भड़की हिंसा के दौरान फायरिंग में नागरिक की मौत पर बंद का आह्वान किया गया था। बंद को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे। अलगाववादियों को नजरबंद रखा गया था।
बंद के चलते व्यापारिक प्रतिष्ठान, दुकानें तथा पेट्रोल पंप बंद रहे। सार्वजनिक वाहन सड़कों से नदारद रहे, लेकिन निजी कार, आटो रिक्शा कई इलाकों में सामान्य दिनों की तरह चलते रहे। टीआरसी तथा लाल चौक पर संडे बाजार भी सजा जहां काफी संख्या में लोग खरीदारी करने पहुंचे।
लाल चौक, मायसूमा सहित अन्य संवेदनशील स्थानों पर भारी सुरक्षा बलों की तैनाती की गई थी। सार्वजनिक स्थानों पर भी सुरक्षा के इंतजाम थे ताकि किसी प्रकार की गड़बड़ी न होने पाए।
ज्ञात हो कि कुपवाड़ा में सैन्य ठिकाने पर आतंकी हमले में मारे गए आतंकियों के शव सौंपने की मांग को लेकर स्थानीय नागरिकों की ओर से हिंसक प्रदर्शन किए गए थे। इस दौरान बेकाबू स्थिति को संभालने के लिए सुरक्षा बलों की ओर से चलाई गई गोली में एक नागरिक की मौत हो गई थी।