मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि अलगाववाद और संप्रदायवाद दोनों एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। दोनों समाज और राष्ट्र को बांटते हैं। किसी भी प्रकार के अतिवाद के परिणाम घातक होते हैं। कश्मीर में हिंसा से शांति प्रयासों को झटका पहुंचाने की कोशिश की जा रही है तो जम्मू में धार्मिक तनाव फैलाकर माहौल खराब करने की।
जम्मू सबसे अधिक धर्मनिरपेक्ष रहा है। यदि यहां भी धर्म आधारित राजनीति होने लगेगी तो फिर हम वही हालात पैदा करेंगे जो कश्मीर में अलगाववादी कर रहे हैं। धर्म और अतिवाद को राजनीति से कतई नहीं जोड़ा जाना चाहिए। जम्मू को बचाने के लिए सबको मिलकर काम करना होगा। वे बुधवार को जम्मू विश्वविद्यालय में एक कार्यक्रम में बोल रही थीं।
उन्होंने कहा कि अतिवाद का खामियाजा ही आज खाड़ी तथा मुस्लिम देश भुगत रहे हैं। धर्म आधारित राजनीति के चलते रोज खून खराबे हो रहे हैं। आज पूरी दुनिया में मुसलमानों को शक के नजरिये से देखा जाता है।