गुरदासपुर जिले के दीनानगर में आतंकी हमले के बाद अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा घेरा और मजबूत कर दिया गया है। पंजाब में हुए हमले के बाद जम्मू कश्मीर के सरहदी इलाकों में खुफिया तंत्र बेहद सक्रिय हो गया है।
मंगलवार को सीआईडी के वरिष्ठ अधिकारियों के दल ने सीमावर्ती इलाकों का दौरा किया। आईजी (सीआईडी) अब्दुल गनी मलिक सहित डीआईजी और अन्य अधिकारियों की टीम ने बोबिया, पानसर, मनियारी, चांदवां, चोर गली और मनियारी इलाकों का जायजा लिया। यहां तक कि भीतरी इलाको में स्थित बार्डर पुलिस चौकियों का निरीक्षण किया गया।
सूत्रों ने बताया कि बार्डर पुलिस चौकियों को और सक्रिय रहने पर जोर दिया गया है। सरहदी इलाकों के संपर्क मार्ग हों या फिर दरियाई नाले।
सीमावर्ती इलाके के हर ऐसे मार्ग पर निगरानी बढ़ाने पर जोर दिया गया है, जिन्हें घुसपैठ के लिए इस्तेमाल करने की आशंका बनी रहती है। बाकायदा ऐसी पोस्टों की शिनाख्त की गई है, जहां सुरक्षा बढ़ाने की गुंजाइश है।
उल्लेखनीय है कि हीरानगर सब डिवीजन का सरहदी इलाका घुसपैठ और आतंकी हमलों के लिहाज से बेहद संवेदनशील रहा है। अंतर्राष्ट्रीय सीमा से लेकर नेशनल हाईवे तक का इलाका आतंकियों की घुसपैठ और फिदायीन हमलों के लिए कुख्यात रहा है।
बीते दिन हमला और घुसपैठ का स्थान भले ही पंजाब क्षेत्र में माना जा रहा है, लेकिन जम्मू-कश्मीर के क्षेत्र में सुरक्षा चौकस करना और भी जरूरी हो गया है। खासकर बरसात के सीजन के चौकसी को पुख्ता किया गया है।