उधमपुर/रामबन। रामबन के मेहाड़ में चिनाब दरिया में गिरे वाहन में सवार लापता लोगों की तलाश में बुधवार को लगातार तीसरे दिन सर्च आपरेशन चलाया गया। पुलिस, एसडीआरएफ टीम और स्थानीय निवासियों ने मिलकर मेहाड़ से धर्मकुंड तक करीब 25 किलोमीटर के दायरे में सर्च आपरेशन चलाया, लेकिन वाहन और लापता लोगों का कुछ पता नहीं चला है। तीन से दो गेट बंद कर एक घंटे के लिए बगलिहार बांध का जलस्तर भी कम किया गया, लेकिन फिर भी लापता लोगों का कुछ पता नहीं चला है।
सोमवार को जम्मू से घाटी की तरफ जा रहा वाहन चालक के नियंत्रण खोने पर चिनाब दरिया जा गिरा था। इसी दौरान एक पुलिसकर्मी चमत्कारिक रूप से बच गया था, जबकि बाकी सभी आठ लोग वाहन के साथ दरिया में गिर गए थे। मंगलवार को दिन भर सर्च चलाने के बावजूद लापता लोगों और वाहन के बारे में कुछ पता नहीं चला था। पुलिस, एसडीआरएफ और स्थानीय निवासियों ने बुधवार को तीसरे दिन भी सर्च आपरेशन चलाया। मेहाड़ से सर्च आपरेशन शुरू किया और बहुबाग, चंबा, सेरी से होकर धर्मकुंड पहुंच कर संपन्न हुआ। चिनाब दरिया में करीब 25 किलोमीटर तक सर्च आपरेशन चलाया गया, लेकिन किसी का कुछ पता नहीं चला है।
सर्च आपरेशन में शामिल अधिकारियों ने कहा कि लापता लोगों के परिवार के सदस्य भी बचाव दल में शामिल हो गए हैं। लापता लोगों की तलाश के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसा माना जा रहा है कि कुछ शव वाहन के अंदर फंसे हो सकते हैं और इसलिए जिला प्रशासन ने नदी में जल स्तर को नीचे लाने के लिए एक घंटे के लिए पास के बगलिहार बांध के फाटकों को बंद करने का फैसला किया है, ताकि बचाव दल को खोजने में मदद मिल सके। उन्होंने कहा कि नवीनतम उपकरणों के साथ विशेषज्ञ भी खोज अभियान में शामिल हो गए हैं।
लापता पुलिसकर्मियों की पहचान अनंतनाग के हेड कांस्टेबल लतीफ, बडगाम के कांस्टेबल आशिक हुसैन, बारामूला के कांस्टेबल अल्ताफ अहद और रामबन के कांस्टेबल हाफिज अहमद के रूप में की है जो जम्मू के विभिन्न इलाकों में तैनात थे और छुट्टी पर घर लौट रहे थे। अधिकारियों ने बताया कि लापता अन्य लोगों में रियासी के पौनी निवासी चालक अजय कुमार, रामबन के उकड़ाल की शेषन देवी और महिला का पुत्र कुलजीत सिंह और बिहार के अरुण गुप्ता शामिल हैं।