दो क्षेत्रीय राजनीतिक दलों नेशनल कांफ्रेंस और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी को निकाय चुनाव में शामिल कराने में उनके विफल रहने संबंधी सवाल के जवाब में कहा कि उन्हें अपनी भूल का अहसास है। उम्मीद है वे पंचायत चुनाव में हिस्सा लेंगे। एक सीट के लिए तीन-तीन प्रत्याशी मैदान में हैं। कहा कि अनुच्छेद 35-ए निकाय चुनाव में कोई मुद्दा नहीं था। यदि यही मुद्दा था तो दोनों दलों ने कारगिल का चुनाव क्यों लड़ा।
जम्मू क्षेत्र में रह रहे रोहिंग्या शरणार्थियों के बायोमीट्रिक ब्योरे अगले दो माह में एकत्र कर लिए जाएंगे। इसके लिए राज्य प्रशासन को हिदायत दे दी गई है। ब्योरा एकत्र होने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
जम्मू के चप्पे-चप्पे से वाकिफ हूं : सत्यपाल
राज्यपाल ने कहा कि वे जम्मू के चप्पे-चप्पे से वाकिफ हैं। साथ ही यहां की समस्याओं की भी जानकारी है। बोले कि वह और आरिफ मोहम्मद खान इमरजेंसी के समय अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे गांवों में ही रहते थे। आईबी के सभी गांवों की समस्याओं की जानकारी है। पहला दौरा इन्हीं इलाकों का होगा और लोगों की समस्याओं का समाधान होगा।