- रोहिंग्याओं के पास नहीं मिला कोई वैद्य प्रमाण
- किराये पर झुग्गी लेकर जमीन मालिक को दो हजार रुपये देने की बात कबूली
- छन्नी रामा में समूह बनाकर रह रहे हैं 100 से अधिक रोहिंग्या परिवार
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। शहर के छन्नी रामा में अवैध रूप से बसे रोहिंग्याओं पर प्रशासन की कार्रवाई से भगदड़ की स्थिति है। पुलिस, बिजली निगम और जलशक्ति विभाग की तरफ से कनेक्शन काटे जाने के बाद रोहिंग्या शुक्रवार को झुग्गियां समेटते नजर आए।
यहां रह रहे लोगों के पास किसी भी तरह का वैद्य प्रमाण नहीं है। हालांकि कुछ ने झुग्गी के लिए जगह किराये पर लेने की बात कबूली है। छन्नी रामा में 10 से 15 जगहों पर कहीं पांच तो कहीं 15 परिवारों के समूह में म्यांमार से आए रोहिंग्या रह रहे हैं। यहां पर कोई मजदूरी कर रहा है तो कोई कबाड़ के धंधे में शामिल है। नाम व पता भी सही नहीं है जिससे इनके बारे में पुलिस या प्रशासन कोई पुख्ता जानकारी ले सके।
10 वर्षोंं से अधिक समय से बसे इन रोहिंग्याओं पर बीते एक सप्ताह से प्रशासन कार्रवाई कर रहा है। इसके बाद इन पर लगातार यहां से हटने का दबाव बना हुआ है। वीरवार को बिजली-पानी का कनेक्शन काटे गए हैं। शुक्रवार को एक बस्ती में म्यांमार से आकर रहने वाले अली जुहार ने बताया कि प्लाॅट मालिक राजोरी का रहने वाला है। हर माह दो हजार रुपये किराया एक झुग्गी का ले रहा है। करीब 300 वर्ग गज से अधिक के प्लॉट में पांच से अधिक परिवार दो दिन पहले थे। पुलिस प्रशासन के दबाव के बाद यह अपना डेरा खाली कर कहीं चले गए हैं। अली जुहार ने बताया कि यह पता नहीं कि अब कहां जाएंगे लेकिन कहीं न कहीं तो रोजी-रोटी कमानी पड़ेगी। यह पता नहीं था कि इस तरह प्रशासन खदेड़ेगा। छन्नी रामा में ही करीब 100 से अधिक परिवारों का डेरा है। अधिकतर पुलिस की कार्रवाई के डर से अपना डेरा छोड़कर चले गए हैं।
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तहसीलदार बोले- रोहिंग्याओं को सख्ती से हटाया जाएगा
बाहु के तहसीलदार राजू सम्याल ने कहा कि रोहिंग्याओं को हर हाल में हटाना है। पुलिस और विभागों की तरफ से बिजली-पानी का कनेक्शन काटा गया है। उनको खुद ही अपना सामान हटाने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही बड़ी कार्रवाई कर सभी को संबंधित जगहों से हटाने की कार्रवाई की जाएगी।
रोहिंग्या हमारे संसाधनों पर कर
रहे कब्जा, सख्त कार्रवाई जरूरी
जम्मू। शिवसेना यूबीटी की जम्मू-कश्मीर इकाई ने रोहिंग्याओं के खिलाफ प्रशासन की कार्रवाई को सही बताया। पार्टी प्रमुख मनीष साहनी ने कहा कि इनकी घुसपैठ जहां सुरक्षा के लिए खतरा है वहीं ये हमारे संसाधनों पर कब्जा कर रहे हैं। इन पर प्रभावी तौर पर कड़ी कार्रवाई की जरूरत है। शहर में कई क्षेत्रों में रोहिंग्याओं ने डेरा डाल रखा है। यह सभी आए दिन किसी न किसी आपराधिक घटना में संलिप्त रहते हैं। आरोप लगाया कि वोट बैंक की राजनीति के कारण इनको करीब एक दशक पहले कुछ लोगों ने बसाया। अब यह एक विकराल समस्या बनकर सामने आ रहे हैं। छन्नी रामा के लोगों से अन्य को प्रेरणा लेकर रोहिंग्याओं के खिलाफ आवाज बुलंद करनी चाहिए। ब्यूरो
छन्नी रामा स्थित रोहिंग्या परिवारों का डेरा। पुलिस की कार्रवाई के बाद घर छोड़कर चले गए हैं पर