शिक्षा विभाग में नई ट्रांसफर पालिसी लागू कर दी गई है, जिसके तहत शिक्षकों की ट्रांसफर का सिलसिला शुरू हो गया है। लेकिन इस नई ट्रांसफर पालिसी में आरईटी शिक्षकों को बाहर कर दिया गया है।
अब शिक्षा विभाग आरईटी शिक्षकों की ट्रांसफर नहीं करेगा, जबकि पूर्व राज्य सरकार ने एसआरओ 469 लागू करके आरईटी शिक्षकों की ट्रांसफर को मंजूरी दी थी।
शिक्षा विभाग में हमेशा ही ट्रांसफर का काम सवालों के घेरे में रही है। जब भी शिक्षा विभाग शिक्षकों की ट्रांसफर करता है तो कई तरह के आरोप अधिकारियों पर लगते हैं।
इसको गंभीरता से लेकर राज्य ने नई ट्रांसफर पालिसी तैयार की और इसको लागू कर दिया है। नई पालिसी के तहत एक वर्ष में केवल दो बार शिक्षकों की ट्रांसफर की जाएगी।
सर्दियों की छुट्टियों में एक जनवरी से 28 फरवरी तक ट्रांसफर के आर्डर जारी होंगे, जबकि गर्मियों की छुट्टियों में एक जून से 31 जुलाई तक ट्रांसफर के आर्डर जारी होंगे।
इसके अलावा किसी भी शिक्षक की ट्रांसफर नहीं होगी। पूर्व राज्य सरकार ने आरईटी शिक्षकों को ट्रांसफर का लाभ देने के लिए एसआरओ 469 लागू किया था।
इस आर्डर के तहत आरईटी शिक्षकों के पांच वर्ष के अस्थायी कार्यकाल को सर्विस रिकार्ड में शामिल किया गया था, साथ ही आरईटी शिक्षकों की ट्रांसफर करने की भी मंजूरी दी थी। लेकिन नई ट्रांसफर पालिसी के तहत अब आरईटी शिक्षकों की ट्रांसफर नहीं होगी।