नटरंग के संडे थियेटर के तहत नटरंग स्टूडियो में रविवार को लक्ष्मीकांत द्वारा लिखे और नीरज कांत के निर्देशन में ‘रिहर्सल’ नाटक का मंचन किया गया। नाटक की कहानी महिला कलाकारों के इर्द-गिर्द घूमती है, जो थियेटर में मंचन किए जा रहे अपने नाटक को लेकर अपने स्टूडियो में रिहर्सल के लिए जुटी होती हैं।
नाटक के लिए रिहर्सल कर रही महिला कलाकार अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करती हैं लेकिन कर नहीं पाती हैं। प्रोफेशनल थियेटर के लिए अनुशासन, समय पालन, टीम भावना आदि की आवश्यकता होती है जो इसमें कहीं नहीं दिखता। इसमें एक निदेशक भी होती है लेकिन अपनी पाबंदियों के कारण टीम को नियंत्रित करने में वह भी नाकाम रहती है।
इन महिलाओं को अपने साथी कलाकारों के साथ जहां मिलकर काम करना होता है, वहीं इनके दिमाग में अभिमान और ईर्ष्या घर कर जाती है। कुल मिलाकर नटरंग ने रिहर्सल नाटक का बखूबी से मंचन किया। युवा कलाकारों ने भी अपनी कलाकारी का बेहतर नमूना पेश किया। कीर्तिका सिंह, नम्रता चिब, जूही सिंह, शिविका गंडोत्रा, दीपशिखा शर्मा, आगम कौर और पंकज वर्मा ने कलाकारी का बेहतर उदाहरण दिया।