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जम्मू-कश्मीर विधानसभा में होगी 114 सीटें, अनुच्छेद 370 हटा थ्री नेशन थ्योरी हुई समाप्त: राम माधव

Fri, 16 Aug 2019 09:01 PM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
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भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव जम्मू पहुंचे - फोटो : अमर उजाला
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भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने कहा है कि जम्मू-कश्मीर विधानसभा में कुल 114 सीटें होंगी। इनमें से पाक अधिकृत कश्मीर के हिस्से की 24 सीटें रिक्त रहेंगी और 90 सीटों पर चुनाव होगा। 31 अक्तूबर को जम्मू-कश्मीर के केंद्र शासित प्रदेश बनने के बाद विधानसभा और संसदीय सीटों का परिसीमन भी होगा। 
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जम्मू स्थित भाजपा मुख्यालय में पार्टी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में राम माधव ने कहा जम्मू-कश्मीर विधानसभा में 87 सीटें थीं। लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश बनने के बाद चार विधानसभा सीटें कम हो गईं और 83 सीटें बची हैं। केंद्र शासित प्रदेश बनने पर विधानसभा में 90 सीटें होंगी। सात विधानसभा सीटों की बढ़ोतरी होने जा रही है। 

राम माधव ने कहा कि अनुच्छेद 370 और 35ए को हटाकर मोदी सरकार ने थ्री नेशन थ्योरी का खात्मा कर दिया है। उन्होंने कहा 1947 में टू नेशन थ्योरी के आधार पर देश का विभाजन हुआ। हमारी विचारधारा टू नेशन थ्योरी के खिलाफ थी, लेकिन कांग्रेस ने एक कदम और आगे बढ़ते हुए शेख अब्दुल्ला की थ्री नेशन थ्योरी को स्वीकार कर जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 लागू करने का काम किया। 
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अनुच्छेद हटने से अब आतंकवाद, अलगाववाद पर पूर्ण प्रतिबंध सुनिश्चित होगा। जम्मू-कश्मीर में केंद्र से हटकर बनाए गए करीब 150 कानून समाप्त होंगे। शांति व खुशहाली के लिए अगर सख्ती भी करनी पड़े, तो इससे पीछे नहीं हटेंगे। केंद्रीय शासन के तहत जम्मू-कश्मीर में विकास होगा। पंचायतों को प्रशासनिक और वित्तीय अधिकार मिलेंगे। भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा। महिलाओं, रिफ्यूजियों, कश्मीरी विस्थापित, नोमेद आदि समुदायों की लंबित मांग भी पूरी कर दी गई है। 
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राम माधव ने कहा कि कुछ लोग चिल्ला रहे हैं कि अनुच्छेद 370 को क्यों हटाया। इन लोगों को पहले यह बताना चाहिए कि आखिर अनुच्छेद 370 को लगाया ही क्यों था। असल बात तो यह है कि पंडित जवाहर लाल नेहरू के जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 लागू करने के फैसले की उस समय कांग्रेस की राष्ट्रीय कार्यकारिणी ने भी खिलाफत की थी, लेकिन देश के बाहर गए पंडित नेहरू ने सरदार पटेल पर दबाव बनाया और अपने फैसले को लागू करवाया, जहां तक भाजपा का सवाल है तो हर चुनावी घोषणा पत्र में भाजपा अनुच्छेद 370 को हटाने की बात करती रही। 

उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर को केंद्र शासित प्रदेश सीमित अवधि के लिए बनाया गया है। हालात बेहतर होने के बाद इसे पूर्ण राज्य का दर्जा दे दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर में केवल कुछ परिवार 370 की आड़ में लूट खसोट करते रहे। जनता तक विकास का लाभ नहीं पहुंचने दिया। राम माधव ने कहा कि मोदी सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को अनुच्छेद 370 व 35ए हटाकर सच्ची श्रद्धांजलि दी है। देश में खुशी की लहर है। मोदी सरकार ने अधूरे एजेंडे को पूरा कर दिखाया है। 

पाकिस्तान को उसकी करनी का होगा नुकसान
राम माधव ने कहा कि पाकिस्तान को उसकी करनी का नुकसान होगा। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के मामले पर राम माधव ने कहा केंद्र सरकार ही इस मुद्दे पर अपना पक्ष रखेगी। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को जम्मू कश्मीर के मामलों में हस्तक्षेप करके कुछ हासिल होेने वाला नहीं है। उल्टा उसे नुकसान होगा। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने 90 मिनट के भाषण में एक बार भी पाकिस्तान या उसके पीएम का जिक्र नहीं किया, लेकिन पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने 14 अगस्त को अपने स्वतंत्रता दिवस के 40 मिनट के भाषण में चालीस बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम लिया। इससे पता चलता हैं कि पाकिस्तान की हालत क्या हो चुकी है। 

प्रजा परिषद के आंदोलनकारियों को किया सम्मानित 
राम माधव ने पार्टी मुख्यालय में शुक्रवार को अनुच्छेद 370 के विरोध में 1953 में हुए प्रजा परिषद के आंदोलन में शामिल लोगों व उनके परिवारों को सम्मानित किया। इसके अलावा पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को उनकी पहली पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि दी। प्रदेशाध्यक्ष रवींद्र रैना, सांसद जुगल किशोर शर्मा, राज्यसभा सांसद शमशेर सिंह मन्हास, पूर्व उपमुख्यमंत्री डा. निर्मल सिंह, कवींद्र गुप्ता, महासचिव संगठन अशोक कौल, महासचिव डा. नरेंद्र सिंह, पूर्व मंत्री सत शर्मा, एमएलसी अशोक खजूरिया और युद्धवीर सेठी की मौजूदगी में हुए कार्यक्रम प्रजा परिषद आंदोलन के करीब 200 प्रतिभागियों व उनके परिवारों के सदस्यों को सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वाले पंडित प्रेम नाथ डोगरा के परिवार के सदस्य भी शामिल रहे। 
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