एक व्यक्ति पहले से ही था पुलिस के रडार पर
पुलिस सूत्रों ने बताया कि बड़ी मकड़ी की विशेष टीम ने जिन तीन लोगों को पकड़कर पुलिस और सेना के हवाले किया, उनमें से एक व्यक्ति की गतिविधियों पर पहले से ही पुलिस को संदेह था। पुलिस पिछले कुछ समय से उसकी गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी। पुलिस को शक था कि वह नियंत्रण रेखा के उस पार से नशीली दवाओं की तस्करी में शामिल है, लेकिन उसे रंगे हाथ पकड़ने में सफलता नहीं मिल पा रही थी।
मकड़ी क्षेत्र पहले से रहा है नशे का हॉट स्पॉट
नौशेरा सब डिवीजन का सेहर मकड़ी क्षेत्र और दो अन्य पंचायतें बड़ी मकड़ी और छोटी मकड़ी पहले से ही आतंकवादी गतिविधियों और क्रॉस बॉर्डर शेलिंग, सीजफायर के उल्लंघन के लिए बड़ा हॉट स्पॉट रहा है। पहले जब पाकिस्तानी सेना संघर्ष विराम का उल्लंघन कर गोलाबारी करती थी तो आईएसआई घुसपैठ की साजिश रचती थी।
नियंत्रण रेखा से मात्र डेढ़ या 2 किलोमीटर की दूरी पर स्थित इस इलाके से कई बार घुसपैठ के प्रयास किए गए। साथ ही इसी इलाके से नशीले पदार्थों की तस्करी के भी मामले सामने आते रहे हैं। इस संबंध में डीआईजी पुलिस राजोरी-पुंछ रेंज तेजिंद्र सिंह, एसएसपी राजोरी अमृतपाल सिंह और एएसपी नौशेरा रफी से संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया।