जम्मू। अनलॉक 1.0 लागू होने के एक सप्ताह बाद भी प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन सेवा शुरू नहीं हो पाई है। ट्रांसपोर्टर और सरकार के बीच आपसी सहमति नहीं बनने से परिवहन सेवा ठप पड़ी है। हालांकि लोगों को राहत देते हुए सरकार ने नौ जून से सरकारी बस सेवा को शुरू किया है। उधर, मांगें पूरी नहीं होने पर अब ट्रांसपोर्टरों बड़ा आंदोलन करने की तैयारी में है।
प्रदेश में अंतर जिला और अंतर राज्य सार्वजनिक परिवहन सेवा शुरू नहीं हो पाने से आम लोग परेशान हैं। ट्रांसपोर्टर बिना यात्री किराये में बढ़ोतरी के सेवा शुरू करने के पक्ष में नहीं है। वहीं सरकार यात्री किराया बढ़ाने के पक्ष में नहीं है। अंतर राज्य रूट पर चलने वाली स्लीपर बसों के मालिकों ने सरकार को बसों के परिचालन को लेेकर स्थिति स्पष्ट करने को कहा है। स्लीपर कोच एसोसिएशन ने प्रशासन को दो दिनों का समय दिया है। इसके बाद एसोसिएशन के सदस्यों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करने की बात कही है।
स्लीपर कोच एसोसिएशन के महासचिव दीपक शर्मा ने कहा कि सरकार लगातार हमारी अनदेखी कर रही है। उन्होंने कहा कि अधिकांश राज्यों ने अंतर राज्य बस सेवा शुरू की है। जम्मू और कश्मीर में अभी भी बाहरी राज्यों के श्रमिक फंसे हैं, जो अपने घरों का जाना चाहते हैं। हमारे पास प्रतिदिन लोगों के फोन आते है, लेकिन अंतर राज्य बसों के परिचालन को अनुमति नहीं होने से उन लोगों को परेशानी होती है। उन्होंने कहा कि पिछले तीन महीने से हमारी बसें खड़ी हैं। चालक और सह चालक को वेतन देने में भी अब परेशानी आ रही है। सरकार को हमारी परेशानी समझनी चाहिए और बसों के परिचालन की अनुमित देने चाहिए।