कश्मीर के कद्दावर नेताओं की हिरासत की अवधि छह महीने पूरी होने के साथ ही इन्हें अब जन सुरक्षा कानून (पीएसए) में निरुद्ध किया जाने लगा है। पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती समेत चार नेताओं के बाद शनिवार को पीडीपी के पूर्व मंत्री नईम अख्तर पर भी पीएसए लगा दिया गया।
नईम घाटी की मुख्यधारा की पार्टियों के छठे नेता हैं, जिन पर पीएसए लगाया गया है। सबसे पहले नेकां प्रमुख डॉ. फारूक अब्दुल्ला पर 15 सितंबर को पीएसए लगाया गया था। बाद में दिसंबर में इसे तीन महीने के लिए और बढ़ा दिया गया। वीरवार को उमर, महबूबा के साथ ही महबूबा के मामा सरताज मदनी व नेकां महासचिव अली मोहम्मद सागर पर पीएसए लगाया गया था।
नईम को पीएसए में निरुद्ध करने के बाद गुपकार रोड स्थित एक सरकारी बंगले में रखा गया है। अब इन्हें तीन महीने तक बिना किसी ट्रायल के जेल में रखा जा सकता है। गुरूवार को एमएलए हॉस्टल से रिहा किए जाने के तत्काल बाद पीडीपी के वरिष्ठ नेता और महबूबा मुफ्ती के मामा सरताज मदनी व नेकां के जनरल सेक्रेटरी अली मोहम्मद सागर पर पीएसए लगाने के बाद गुपकार स्थित सरकारी बंगले में ले जाया गया।