जम्मू। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) भर्ती के अभ्यर्थियों ने सोमवार को प्रेस क्लब के बाहर प्रदर्शन कर रोजगार सहित लंबित मांगों को पूरा करने की गुहार लगाई है। इसके साथ ही बढ़ती बेरोजगारी के बीच सरकार पर युवाओं को रोजगार देने के बजाय भर्तियों को सालों तक लटकाने का आरोप लगाया है। उन्होंने दो दिन के भीतर कदम नहीं उठाने की सूरत में उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
2018 में बीएसएफ और सीआईएसएफ के 1300 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसके बाद परीक्षा और चिकित्सा जांच में सफल हुए अभ्यर्थियों को अभी तक नियुक्ति नहीं मिली है। अभ्यर्थियों का आरोप है लिखित परीक्षा में 80 से 85 अंक लाने के बावजूद चयन नहीं हुआ। सरकार से मामले में हस्तक्षेप कर पदों की संख्या बढ़ाने की मांग की, लेकिन झूठे आश्वासन ही मिले। सोमवार को प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों ने कहा कि दो दिन के भीतर मांगों को पूरा नहीं किया गया तो उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हो जाएंगे। सरकार जायज मांगों की अनदेखी कर रही है। भाजपा नेताओं पर भी झूठे आश्वासन देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एक मात्र मांग है कि हमें नियुक्ति दी जाए, अगर पद नहीं तो उनकी संख्या को बढ़ाया जाए, योग्य अभ्यर्थियों को देश सेवा करने का मौका मिल सके।