दक्षिणी कश्मीर के कुलगाम जिले के खांडेपुरा में गुरुवार को मारे गए अबु कासिम को बुगाम इलाके में दफनाए जाने पर इलाके में तनाव की स्थिति बन गई।
खांडेपुरा के लोगों द्वारा कासिम के शव को कब्र से निकालने का प्रयास किया गया, जिसे आंसू गैस के गोले दाग कर विफल कर दिया। पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जिस वक्त बुगाम इलाके में लोग जुमे की नमाज पढ़ने में व्यस्त थे।
उसी समय खांडेपुरा इलाके के रहने वाले लोग हज्जाम परिवार सहित इलाके में वाहनों से पहुंचे और कब्र से कासिम के शव को निकालने की कोशिश करने लगे। इसका कुछ स्थानीय लोगों ने विरोध किया। देखते-देखते कब्रिस्तान में बुगाम के लोग भी जमा हो गए, जिन्होंने हज्जाम परिवार को ऐसा करने से रोका।
हज्जाम परिवार वह परिवार है, जो पुलिस द्वारा मारे गए आतंकी की पहचान अबु कासिम बताए जाने के बावजूद यह दावा कर रहे हैं कि मारा गया आतंकी उनके परिवार का है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हज्जाम परिवार के न मानने पर वहां मौजूद दोनों गुटों के लोगों में भिड़ंत शुरू हो गई। जब स्थानीय औकाफ कमेटियों ने मामले में हस्तक्षेप किया, तो उन्होंने फैसला हज्जाम परिवार के हक में सुनाया।
जब खांडेपुरा के लोगों द्वारा कब्र को खोदने का काम शुरू किया गया, तो पुलिस मौके पर पहुंच गई और उन्हें ऐसा करने से रोका। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए जमकर आंसू गैस के गोले दागे। इससे खांडेपुरा के लोग वहां से भागने पर मजबूर हुए। इस बीच युवाओं ने पुलिस कर्मियों पर पत्थर भी बरसाए।
पुलिस के एक अधिकारी के अनुसार कुछ शरारती तत्व हैं, जो लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा द्वारा गुरुवार को एक बयान में मारे गए आतंकी को कासिम के तौर पर कबूला और उसकी मौत की पुष्टि की, तो अब इसमें शक की कोई गुंजाइश नहीं है। इस घटना के बाद इलाके में तनावपूर्ण स्थिति है।