जम्मू। प्रदेश में छात्रों को कौशल विकास की शिक्षा भी दी जाएगी ताकि स्कूूल से निकल कर नौकरी के साथ रोजगार भी पैदा कर सकें। इसके लिए शिक्षा विभाग जल्द ही जम्मू-कश्मीर के 607 स्कूलों में नई शिक्षा नीति के तहत वोकेशनल लैब शुरू करने जा रहा है। ये लैब बनकर तैयार हैं, जल्द ही इनका उद्घाटन किया जाएगा। इसमें 15 के करीब वोकेशनल कोर्स अनिवार्य रूप से शुरू किए जाएंगे।
केंद्र सरकार की नई शिक्षा नीति में छठी कक्षा से बच्चों को पढ़ाई के अलावा कौशल विकास की शिक्षा भी दी जाएगी। इसी के तहत जम्मू-कश्मीर शिक्षा विभाग ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके तहत फिलहाल 626 वोकेशनल लैब पहले ही शुरू की जा चुकी हैं। इस सत्र से जो नए वोकेशनल कोर्सेज में आईटी, रिटेल, ऑटोमोबाइल, ब्यूटी एंड वेलनेस, हेल्थ केयर, सिक्योरिटी, फिजिकल एजुकेशन, मीडिया एंड रिटेनमेंट, एग्रीकल्चर, टूरिजम, इलेक्ट्रॉनिक हार्डवेयर आदि शामिल होंगे।
विद्यार्थियों को 7वीं और 8वीं कक्षा से यह तय करने का अवसर मिल जाएगा कि वह भविष्य में किस विषय में पढ़ाई करेंगे। इस सत्र से यह कोर्स सभी सरकारी स्कूलों में अनिवार्य हो जाएगा। इससे पहले जिन स्कूलों में कुछ वोकेशनल कोर्स पढ़ाए जा रहे हैं, उन्हें अनिवार्य नहीं किया गया था।
कोट
कई सरकारी स्कूलों में नई 607 वोकेशनल लैब बनकर तैयार हैं। उनका जल्द ही उद्घाटन किया जाएगा। इससे बच्चे प्रशिक्षित होंगे और उनको भविष्य में इसका लाभ मिलेगा। नई शिक्षा नीति के तहत स्कूलों में वोकेशनल कोर्स पढ़ना अनिवार्य किया जाएगा, ताकि ज्यादा से ज्यादा बच्चों को इससे जोड़ा जा सके।
-डॉ. अरुण मन्हास, निदेशक, समग्र शिक्षा विभाग