संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। देश की स्वतंत्रता से पूर्व भारतीय पत्रकारिता का डीएनए भारतीयता था और अब भी यहीं होना चाहिए। सरकारें आती-जाती रहेंगी, लेकिन पत्रकारिता में सरोकार हमेशा बना रहना चाहिए। इस समय पत्रकारिता में विमर्श स्थापित करने की आवश्यकता है। महर्षि नारद जयंती के उपलक्ष्य में त्रिकुटा संवाद केंद्र की ओर से प्रेस क्लब में रविवार को आयोजित पत्रकार सम्मान समारोह में हितेश शंकर ने बतौर मुख्य वक्ता विचार रखे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता भारतीय जनसंचार संस्थान, उत्तर क्षेत्रीय परिसर के निदेशक प्रो. अनिल सोमित्र ने की। त्रिकुटा संवाद केंद्र के अध्यक्ष डॉ. सत्यदेव गुप्ता मौजूद रहे। इस दौरान विशेषांक का विमोचन किया गया। हितेश शंकर ने कहा कि नारद जी की पत्रकारिता में चुटिलापन व सार्थकता भी है। इससे पूर्व डॉ. सत्यदेव गुप्ता ने कहा कि महर्षि नारद को पत्रकारों का ईष्ट माना गया है। प्रो. अनिल सोमित्र ने कहा कि मौजूदा समय में पत्रकारिता में तकनीक का इस्तेमाल हो रहा है। इससे फर्जी समाचारों से बचा जा सकता है। वहीं पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने पर निशिकांत खजुरिया, अवतार भट्ट, सुमेंद्र कौल, पवन शर्मा, रोहित जांडियाल, खुशविंदर सिंह, सुरजीत सिंह, शिल्पा ठाकुर, निखिल मेहता और सुमन को स्मृति चिन्ह व माता की चुनरी भेंट की गई। त्रिकुटा संवाद केंद्र की ओर से हितेश शंकर और प्रो. अनिल सोमित्र को मां वैष्णो देवी जी के चित्र भेंट किए गए। मौके पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह प्रांत कार्यवाह अवतार कृष्ण, संघ के सह प्रांत प्रचार प्रमुख डॉ. विवेक महाजन, प्रांत कार्यकारिणी सदस्य सुनील शर्मा उपस्थित रहे। मंच का संचालन निधि शर्मा ने किया।