उपराज्यपाल गिरीश चंद्र मुर्मू ने प्रदेश में दूध उत्पादन और मुर्गी पालन पर जोर दिया है। पशु एवं भेड़ पालन विभाग की समीक्षा बैठक में उन्होंने विभागीय कामकाज की जानकारी ली। इस दौरान बताया गया कि 25.41 लाख मीट्रिक टन दूध का उत्पादन वार्षिक होता है। इसमें 2.5 लाख लीटर हर रोज हो रहा है।
विभाग अगले दो वर्षों में दुग्ध प्रसंस्करण की दोगुनी लक्ष्य को हासिल कर लेगा। उपराज्यपाल ने सहकारी समितियों को शामिल करने और किसानों को डेयरी खेती के लिए प्रोत्साहित करने करने को कहा।
उन्होंने मुर्गी पालन क्षेत्र में बेरोजगार स्थानीय युवाओं को शामिल करने और पोल्ट्री एस्टेट विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने पशुधन के लिए बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं और टीकाकरण के लिए संबंधित विभाग को निर्देशित किया। उन्होंने जम्मू और कश्मीर में ऊन प्रसंस्करण इकाइयों की स्थापना करने को कहा।