उपमुख्यमंत्री ने कहा - जब महबूबा मुफ्ती सरकार में थीं, शराब पर पाबंदी क्यों नहीं लगाई
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी ने शराब बंदी पर जारी रणनीति पर पीडीपी पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि 2015-16 में महबूबा मुफ्ती मुख्यमंत्री थीं, तब क्यों नहीं शराब बंदी की। जम्मू-कश्मीर में वर्तमान हालत की जिम्मेदार सिर्फ पीडीपी है। उसके कारण ही विशेष दर्जा नहीं रहा। अब घड़ियाली आंसू न बहाएं।
उपमुख्यमंत्री सोमवार नेशनल कॉन्फ्रेंस के जम्मू स्थित कार्यालय में पार्टी महासचिव शेख नजीर अहमद की 10वीं पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम में पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि महबूबा मुफ्ती व इल्तिजा पहले अपनी पार्टी में सुधार करें। उनकी नीतियों के कारण लोगों ने 29 सीटें से तीन पर पहुंचाया है। अगर उनका ऐसा ही रवैया रहा तो अगली बार माइनस तीन पर पहुंच जाएंगे। नशा, चिट्टा और जम्मू-कश्मीर को बुरे दौर में लाने वाले आज नेकां को रास्ता दिखा रहे हैं। चौधरी ने कहा, हम जानते हैं कि हमें जम्मू-कश्मीर और पार्टी को कैसे मजबूत रखना है। मुफ्ती मोहम्मद सईद का अपना योगदान रहा है, लेकिन आज जो मां-बेटी बोल रहीं हैं वो समझ से परे है। प्रदेश की बर्बादी का कारण पीडीपी है। आज जम्मू-कश्मीर में नशा, चिट्टा, अपराध बंद करने की जरूरत है। इस पर बात होनी चाहिए। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा में पीडीपी के रूल पर वाइट पेपर लेने की जरूरत क्या है। पीडीपी खत्म हो गई है। चौधरी ने कहा कि जम्मू में पुलिस ने 30 साल तक आतंकवाद को झेला है। नाकाबिल व चमचे अफसरों को लगाने से नशा खत्म नहीं होगा। नेकां को बिखरा हुआ राज्य मिला है। हमेशा जम्मू-कश्मीर के खजाने भरे रहते थे, लेकिन आज खाली हैं। पार्टी कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. फारूक अब्दुल्ला व पार्टी के अन्य नेता मौजूद रहे।