सांबा। जिले में एक नई विधानसभा सीट के प्रस्ताव के बाद राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। रामगढ़ को नई विधानसभा सीट बनाए जाने के परिसीमन आयोग के प्रस्ताव पर राजनीतिक हलकों में गर्मी बढ़ने लगी है। क ई दलों के नेता इसका विरोध कर रहे हैं, जबकि सीमवर्ती गांवों के ग्रामीण इसे अच्छा कदम मान रहे हैं।
इसी सिलसिले में गत दिनाें राजपुरा में विभिन्न राजनीतिक दल के नेताओं ने बैठक कर प्रस्तावित रामगढ़ सीट का विरोध किया। उनकी मांग थी कि घगवाल व राजपुरा को मिलाकर एक सीट बनाई जाए या राजपुरा को सांबा के साथ ही रखा जाए।। हालांकि सीमावर्ती ग्रामीण व युवा नई प्रस्तावित सीट से खुश दिखे उनके अनुसार सीमावर्ती गांवों का अच्छा विकास होगा। वहीं युवाओं को भी रोगजार के अवसर मिलेंगे।
युवक राजेश, राहुल, दिनेश, गोविंद आदि ने बताया कि बार्डर विधानसभा बनने से अधिक विकास के अवसर मिलेंगे। युवाओं के अनुसार राजनीतिक दलों के नेता अपने राजनीतिक भाविष्य को लेकर ही चिंतित हैं। जबकि लोग नई विधानसभा सीट को लेकर खुश हैं। इन दिनों ग्रामीण क्षेत्र के चौक चौराहों पर चुनाव को लेकर ही चर्चा चल रही है।