जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में कश्मीर विश्वविद्यालय के परिसर के लिए सेना के कब्जे से 458 कैनाल जमीन वापस लेने संबंधी राज्य सरकार के प्रस्ताव पर पीएम नरेंद्र मोदी ने अपनी मुहर लगा दी है।
सूत्रों ने बताया कि पांच देशों की यात्रा से लौटने के बाद पीएम ने कश्मीर के मसले पर एक बैठक बुलाई थी, जिसमें उन्होंने रक्षा मंत्रालय से कहा कि वह अनंतनाग के हाई ग्राउंड को जल्द से जल्द राज्य सरकार को सौंप दे, जिससे कि कश्मीर विश्वविद्यालय के दक्षिणी परिसर का जल्द निर्माण हो सके।
बैठक के दौरान पीएम ने कहा था कि केंद्र सरकार राज्य में शिक्षा के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है। सैद्धांतिक रूप से सेना इस जमीन को खाली करने के लिए तैयार है, लेकिन उसके मुख्यालय से फैसला आने में देरी हो रही है। इस जमीन को खाली करने की ताजा अंतिम तारीख 31 मार्च थी। सेना अनंतनाग जिले में 1990 के दशक से 2005.24 कैनाल जमीन अपने कब्जे में ले रखी है।
सेना परिसर से लगी जमीन का इस्तेमाल हेलीकॉप्टर उतारने के लिए करती है। हालांकि कुछ ही किलोमीटर की दूरी पर खानाबाल में सेना के पास ऐसी ही सुविधा है। पूर्व में सेना के कब्जे में रही 346.7 कैनाल जमीन 2004 में विश्वविद्यालय को सौंप दी गई थी।