जम्मू शहर में बिजली की मांग बढ़ने पर कटौती का सिलसिला जारी है। एसी, कूलर और अन्य उपकरणों के लगातार इस्तेमाल से बिजली का लोड बढ़ रहा है। शहर के मुट्ठी, न्यू प्लाट, सिदड़ा और नरवाल में चार ट्रांसफार्मर फुंक गए। यहां पांच से छह घंटे तक बिजली गुल रही। बेलीचराना, कुंजवानी में बिजली की खपत बढ़ने से बिजली के तार टूट गए और जमीन पर गिर गए। मरम्मत के बाद दोबारा बिजली आपूर्ति बहाल हो पाई। दिन में बिजली का लोड 1400 मेगावाट तक रहा। प्रबंध निदेशक गुरमीत सिंह ने बताया कि समस्या का निदान किया जा रहा है। रात के समय भी ट्रांसफार्मर बदले जा रहे हैं।
तीस दिन में जल गए तीन सौ से ज्यादा ट्रांसफार्मर
गर्मी बढ़ने के साथ ट्रांसफार्मर फूंकने का सिलसिला जारी है। बीस मई से लेकर अब तक तीन सौ से अधिक ट्रांसफार्मर जल चुके हैं। इन्हें ठीक करने पर बीस हजार रुपये से डेढ़ लाख रुपये तक खर्चा आ रहा है। शहर में बिजली की खपत बढ़ने से ट्रांसफार्मर ज्यादा जल रहे हैं।
विभाग के कार्यशालाओं में रोज सात से दस ट्रांसफार्मर ठीक होने के लिए पहुंच रहे हैं। अभी तक इनकी मरम्मत पर तीन करोड़ रुपये खर्च हो चुका हैं। मौजूदा बिजली ढांचा ज्यादा लोड नहीं उठा पा रहा है। 11 सौ मेगावाट से ज्यादा लोड बढ़ने पर ट्रांसफार्मर ओवर हिट हो जाते हैं। इसके बाद इनके जलने का सिलसिला शुरू हो रहा है। ग्रामीण इलाकों से भी जले ट्रांसफार्मर वर्कशाप में पहुंच रहे हैं।
श्रीनगर शहर में भी चार से पांच ट्रांसफार्मर जलने की शिकायत मिल रही है। अधिकारियों ने बताया कि लोड बढ़ने के कारण यह दिक्कत आ रही है। सितंबर माह से तापमान सामान्य होना शुरू हो जाएगा। बिजली कारपोरेशन के एईई वर्कशाप एसएस पुरी ने बताया कि जले ट्रांसफार्मरों को लगातार जल्द ठीक करवाया जा रहा है। तापमान सामान्य होने के बाद राहत मिलेगी।