जीएमसी के विशेष स्वाइन फ्लू आइसोलेशन वार्ड में 29 सितंबर को मारे गए बुद्धल (राजोरी) निवासी 25 वर्षीय युवक की स्वाइन फ्लू से मौत की पुष्टि हुई है। संभाग में अब तक तीन लोगों की एच1एन1 स्वाइन फ्लू वायरस से मौत हो चुकी है। दस लोग पाजिटिव हुए हैं। जम्मू के साथ रामबन, राजोरी और उधमपुर स्वाइन फ्लू से प्रभावित हुआ है। आगामी दिनों में पारा गिरने के साथ स्वाइन फ्लू का खतरा बढ़ेगा।
एपिडामिनिलिजिस्ट डा. जेपी सिंह ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि जीएमसी की माइक्रो बायोलाजी लेबोरेटरी से आई रिपोर्ट में युवक स्वाइन फ्लू से पाजिटिव था। बताया जाता है कि मृतक मुंबई में काम करता था और वहीं पर एच1एन1 वायरस की चपेट में आया। इसके बाद घरवालों ने उसे वापस बुला लिया था। यहां उसकी हालत लगातार बिगड़ती गई। जीएमसी में उसे गंभीर हालत में भर्ती कराया गया। जहां गत दिनों विशेष आइसोलेशन स्वाइन फ्लू वार्ड में उसने दम तोड़ दिया था।
अब तक तीन बच्चे और सात वयस्क स्वाइन फ्लू से पाजिटिव हुए हैं। विशेषज्ञों के अनुसार तापमान में गिरावट आने से स्वाइन फ्लू के वायरस के तेजी से सक्रिय होने का खतरा बढ़ेगा। यह वायरस हवा से अपने संक्रमण मानव शरीर में भेज देता है। जिससे समूह तौर पर लोग इसकी गिरफ्त में आ जाते हैं। जम्मू में अब तक सबसे अधिक आधिकारिक तौर पर चार लोग स्वाइन फ्लू के वायरस से पाजिटिव हुए हैं।