जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा है कि हुर्रियत के नेताओं ने पाकिस्तान के उच्चायुक्त के साथ एक कप चाय क्या पी ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उससे बातचीत ही रद्द कर दी। ऐसा करके सरकार ने दोबारा बातचीत शुरू करने की शर्तें काफी कड़ी कर दी है।
उमर का कहना था कि लव जेहाद और धर्म परिवर्तन जैसे मामलों पर भाजपा की बयानबाजी नारेबाजी तक सीमित रह गई है। इसका मतलब भाजपा ने यह मानना शुरू कर दिया है कि उसका गवर्नेंस का एजेंडा नाकाम हो रहा है।