गणतंत्र दिवस के राष्ट्रीय पर्व पर एटहोम कार्यक्रम में अफसराें की गैर हाजिरी पर राज्यपाल एनएन वोहरा ने नाराजगी जताई है। इसे अनुशासनहीनता और ड्यूटी में लापरवाही का मामला बताते हुए राजभवन ने मुख्यमंत्री के समक्ष मुद्दा उठाने की मंशा जताई है।
राजभवन के प्रवक्ता के अनुसार गणतंत्र दिवस पर्व के उपलक्ष्य पर कनवेंशन हॉल में राज्यपाल की मेजबानी में एटहोम कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके लिए बाकायदा प्रशासनिक अफसराें को औपचारिक रूप से न्योता देकर बुलाया गया, लेकिन खेदजनक है कि बड़ी तादाद में वरिष्ठ अफसरों ने कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया। यहां तक कि इन अफसरों ने यह भी बताना उचित नहीं समझा कि वे किन वजहाें से नहीं आ पा रहे हैं।
राजभवन के प्रवक्ता के अनुसार राज्यपाल ने इच्छा जताई है कि मुख्यमंत्री के समक्ष मुद्दे को उठाकर जोर देकर कहा जाएगा कि अनुशासन के बिना सरकार अपने लक्ष्य हासिल करने में कामयाब नहीं हो पाएगी। खासकर वरिष्ठ अफसरों में ही अनुशासन के प्रति गंभीरता नजर नहीं आती।
राज्यपाल ने 26 जनवरी को शाम चार बजे प्रस्तावित कार्यक्रम के लिए राज्य सरकार के विशेष सचिव से लेकर सरकारी विभागों के अध्यक्षों के नाम निमंत्रण पत्र भेजे थे।
उन्हाेंने याद दिलाया कि 10 जनवरी 2017 को सरकार द्वारा जारी सर्कुलर के मुताबिक सरकारी और सार्वजनिक उपक्रमों के तमाम अफसरों और सरकारी मुलाजिमों को गणतंत्र दिवस से संबंधित कार्यक्रमाें में ड्यूटी के निर्वाह के तहत शामिल होना था। आदेश की अवहेलना अनुशासनहीनता और ड्यूटी से लापरवाही का मामला माना जाएगा जिस पर कार्रवाई सुनिश्चित होगी।