फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अब किसानों को मददगार बनेगा 'मेघदूत', मैसेज के माध्यम से घर बैठे मिलेगी हर जानकारी

Wed, 10 Jun 2020 06:19 PM IST
प्रशांत कुमार सतीश वालिया, जम्मू
विज्ञापन
किसान - फोटो : PTI
विज्ञापन

इस बार प्रदेश में फसलों की अच्छी पैदावार होने की संभावना है। मेघदूत ऐप के माध्यम से स्कास्ट-जे किसानों को फसल के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां मुहैया करवाएगा। इस पर काम शुरू हो गया है। ऐप को गूगल स्टोर से डाउनलोड करने की सलाह किसानों को दी जा रही है।

विज्ञापन

 
स्कास्ट-जे के अनुसार किसानों को आगामी पांच दिनों के मौसम के बारे में जानकारी ऐप के माध्यम से दी जाएगी। इसके अलावा मैसेज करके भी किसानों को तापमान के हिसाब से कब क्या करना है। इस बारे भी अवगत करवाया जाएगा।
 
स्कास्ट-जे के मौसम विभाग के वैज्ञानिक इस काम में जुट गए हैं। ऐप के माध्यम से अब किसानों को जानाकारियां मुहैया करवाई जाएगी। वैज्ञानिकों का कहना है कि ऐप के माध्यम से आगामी पांच दिन का तापमान भी बताया जाएगा। इस दौरान बारिश या फिर तेज धूप संबंधी भी जानकारी दी जाएगी।
विज्ञापन


इसमें किसानों को फसल में खाद डालने या न डालने की सलाह भी दी जाएगी। अक्सर किसानों को मौसम के बारे में सही जानकारी नहीं होती है। इस कारण किसान खेतों में खाद डाल देते हैं और बारिश होने पर सारी मेहनत बेकार हो जाती है। अब ऐप के माध्यम से भी जानकारियां हासिल कर सकेंगे और आधुनिक तकनीक से खेती कर किसान पैदावार बढ़ा सकेंगे।

विज्ञापन

किसान प्राचीन तरीके से ही खेती करते आ रहे हैं। बीजाई और फसलों की देखभाल भी अपने स्तर पर करते हैं। मौसम ने साथ दिया तो फसल की पैदावार अच्छी हो जाती है मगर कई बार विपरीत परिस्थितियों में फसल बर्बाद हो जाती है।

हवा की गति का भी चलेगा पता
ऐप के माध्यम से तापमान, हवा की गति, दिशा, आर्द्रता और तीन घंटे में बारिश से संबंधति पूर्वानुमान की जानकारी किसानों को मिलती रहेगी।

दो दिन होगी एडवाइजरी जारी
फसल और पशुधन एडवाइजरी भी हर मंगलवार और शुक्रवार को ऐप के माध्यम से किसानों को दी जाएगी। इसमें पशुओं की देखभाल करने के बारे में अवगत करवाया जाएगा।

किसानों को मेघदूत ऐप के माध्यम से अब महत्वपूर्ण जानकारियां मुहैया करवाई जाएगी। किसानों को ऐप डाउनलोड करने के लिए अवगत करवाया जाएगा। स्कास्ट जे ने ऐप को अपलोड करने का काम शुरू कर दिया है। अब किसानों को इससे जोड़ा जाएगा। डॉ वीना शर्मा, तकनीकी अधिकारी, एग्रोमेट सेक्शन, स्कास्ट-जे
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें