गुज्जर समुदाय के लिए विशेष रूप से बनाए गए मोबाइल प्राइमरी स्कूलों के अस्तित्व पर ग्रहण लगने से इस समुदाय के बच्चों की शिक्षा प्रभावित हुई है। आतंकवाद की दस्तक के बाद जिला के 18 मोबाइल प्राइमरी स्कूलों को स्टेशनरी बना दिया गया। इन स्कूलों की मूवमेंट बंद होने से इस समुदाय के बच्चे अधिकतर शिक्षा से वंचित रह जाते हैं।
पिछले कुछ वर्षों में जिले के कुल 21 में से 18 स्कूलों को स्टेशनरी कर दिया गया है। हालांकि समुदाय का पेशा नहीं बदला है और उन्हें पहले की ही तरह वर्तमान में भी खानाबदोशों का जीवन व्यतीत कर साल में दो बार पहाड़ों से आने और जाने का सिलसिला जारी रखना पड़ रहा है। स्कूलों को स्टेशनरी किए जाने से इस समुदाय के बड़ी संख्या में बच्चे शिक्षित नहीं हो पाएंगे।