अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। वक्फ कानून पर जारी संग्राम के बीच तीन विपक्षी विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राथर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया है। इसमें पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी के दो विधायक और पीपुल्स कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष सज्जाद गनी लोन ने हस्ताक्षर किए हैं।
लोन ने आरोप लगाया कि विधानसभा अध्यक्ष के रहते हुए विधायक वक्फ कानून के खिलाफ अपनी बात नहीं कर पा रहे हैं। वक्फ कानून के खिलाफ विधायकाें में आक्रोश है। वह इस पर चर्चा करना चाहते हैं, लेकिन दो दिनों से विधानसभा अध्यक्ष सिर्फ नियमों का हवाला दे रहे हैं। सज्जाद गनी लोन ने विधानसभा के सचिव को तीन विधायकों के हस्ताक्षर वाला अविश्वास प्रस्ताव दिया और नेकां विधायकों से समर्थन मांगा है। उन्होंने कहा कि देश में जम्मू-कश्मीर मुस्लिम बहुल प्रदेश है। यहां से कड़ा संदेश जाना चाहिए कि हम इस कानून का विरोध करते हैं।
नेकां विधायकों ने स्थगन प्रस्ताव लाया है, जिसका हम विरोध करते हैं। विधानसभा अध्यक्ष वक्फ कानून पर बात नहीं करने दे रहे हैं। वह वक्फ कानून से बढ़े नहीं हैं। हमने उन्हें नहीं बनाया उन्हें नेकां विधायकों ने बनाया है। उन्हें बदलने का काम भी नेकां विधायक कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अगर नेकां विधायक इस अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन नहीं करते हैं तो यह कैसे संभव है कि नेकां विधायक विरोध कर रहे हैं। उनकी ओर से बनाए स्पीकर चर्चा करने की अनुमति नहीं दे रहे हैं। हम संसद के कानून को बदलने की मांग नहीं कर रहे हैं, लेकिन इस पर चर्चा होनी चाहिए।