एक अन्य कारोबारी और उसके भाई ने पिछले दो वर्षो में तीन करोड़ का निर्यात किया परंतु रिटर्न सिर्फ एक वर्ष का ही दाखिल किया। उसका आईटीआर भी बैंक खातों के विवरण से मेल नहीं खाता। उसका पासपोर्ट बताता है कि वर्ष 2017 के बाद हर वर्ष वह 20 से 25 दिन के लिए पाकिस्तान की यात्रा पर गया परंतु उसके द्वारा दाखिल खर्च कागजों से बिल्कुल अलग हैं।
तीसरा कारोबारी समूह सीमा पार से सब्जियों और फलों के व्यापार में लगा है। उसके ठिकाने से 15 लाख रुपये की बेहिसाब नकदी जब्त की गई है।समूह से जुड़े एक व्यक्ति ने दस करोड़ रुपये का कारोबार किया परंतु आयकर नहीं दाखिल किया। एक लॉकर भी मिला है उसे अभी खोला जाना बाकी है।
पिछले वर्ष रोक दिया गया था व्यापार
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पिछले वर्ष अप्रैल में क्रास एलओसी ट्रेड को हथियारों, नशीले पदार्थों की तस्करी और नकली मुद्रा के माध्यम से टेरर फंडिंग का मामला पाए जाने के बाद निलंबित कर दिया था। यह व्यापार कश्मीर क्षेत्र में बारामुला के सलामाबाद और जम्मू क्षेत्र में पुंछ जिले के चक्कां दा बाग इलाके से होता था।