मुख्यमंत्री एवं नेशनल कांफ्रेंस के कार्र्यकारी प्रधान उमर अब्दुल्ला ने कहा है कि एक बार फिर विधानसभा में नेशनल कांफ्रेंस सबसे बड़ी पार्टी होगी और नेकां की ही सरकार बनेगी।
कुपवाड़ा के लंगेट और कुलगाम में मंगलवार को जन सभाओं को संबोधित करते हुए उमर ने कहा कि 2014 का विधानसभा चुनाव 1977 जैसा ही होगा।
1977 में भी नेशनल कांफ्रेस को चुनाव से पूर्व सत्ता से बाहर बताया जा रहा था लेकिन जब नतीजे आए तो नेकां को पूर्ण बहुमत मिला। उमर ने कहा कि 1977 में शेर ए कश्मीर शेख मोहम्मद अब्दुल्ला का स्वास्थ्य ठीक नहीं था और विरोधी नेकां के खिलाफ एकजुट हो गए थे। इसके बावजूद जनता ने नेशनल कांफ्रेंस पर विश्वास व्यक्त किया और पूर्ण बहुमत के साथ नेकां की सरकार बनाई।
उन्होंने कहा कि पीडीपी के मुफ्ती मोहम्मद सईद और महबूबा मुफ्ती कश्मीर के लोगों की भावनाओं से जुड़े मुद्दों को वोट के लिए उठा रहे हैं।
पीडीपी अफजल गुरू की बात करती है लेकिन सच यह है कि उसका कानूनी संघर्ष मुफ्ती सईद के कार्यकाल में शुरू और अंत हुआ। इस अवसर पर नेकां के वरिष्ठ नेताओं में मीर सैफुल्ला, चौधरी मोहम्मद रमजान आदि ने भी पीडीपी पर जमकर हमले बोले।