मामला बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों की रुकी पेंशन का
पार्षदों का आरोप - आवेदन फार्म कहां से आए, किसको देने जानकारी नहीं
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। नगर निगम के मेयर ने दावा किया है कि शहर में बुजुर्गों, विधवा महिलाओं और दिव्यांगों की पेंशन बहाल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके लिए एक आवेदन भरकर संबंधित विभाग के पास जमा करवाना है। आवेदन में कुछ जानकारियां लेनी हैं। इसकी जिम्मेदारी सभी पार्षदों को दी गई है। सभी पार्षद अपने-अपने वार्ड से पेंशनधारकों की जानकारी जुटा रहे हैं। लेकिन विपक्षी पार्षदों का आरोप है कि मेयर गुमराह कर रहे हैं। उनकी मेयर से इस संबंध में कोई बात नहीं हुई। सिर्फ नगर निगम आयुक्त की ओर से व्हाट्सएप पर एक आवेदन फार्म सांझा किया गया है। इसे भरने के लिए कहा गया है, लेकिन यह आवेदन कहां से आया और कहां जाएगा, इसकी कोई जानकारी नहीं।
बता दें कि शहर में बुजुर्गों, विधवाओं और विकलांगों की पेंशन बंद हो चुकी है। वीरवार को मेयर राजेंद्र शर्मा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि उन्होंने डिप्टी मेयर, स्वच्छता समिति के चेयरमैन समेत अन्य पार्षदों के साथ उप राज्यपाल से मुलाकात की थी। इसमें पेंशन बंद होने का मामला उठाया गया। कहा कि किसी की पेंशन बंद नहीं होगी। इसके चलते सभी वार्ड मेंबर से कहा गया है कि वे अपनी अपनी वार्ड में पेंशन लेने वालों की जानकारी लेकर आवेदन फार्म भरें और इसे संबंधित विभाग के पास जमा करा दें।
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आवेदन फार्म पर किसी विभाग
तक का नाम नहीं : चोपड़ा
उधर, डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी (डीपीएपी) के पार्षद गौरव चोपड़ा ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा कि कौन सा आवेदन फार्म भरना है। नगर निगम आयुक्त के व्हाट्सएप ग्रुप में यह आवेदन फार्म मिला था। जिस पर किसी विभाग का नाम तक नहीं है। पहले से ही पेंशन वालों की सभी जानकारियां विभाग के पास हैं। यह कैसे पता किया जाएगा कि किसकी सालाना आय 85 हजार से कम है। किसके पास 25 कनाल जमीन नहीं है। ये जानकारियां आवेदन में देने के लिए कहा गया है।
वार्ड के लोग पेंशन के लिए कर रहे संपर्क
कहां से भरकर दें आवेदन फार्म : गुप्ता
पार्षद अमित गुप्ता का कहना है कि उप राज्यपाल प्रशासन ने पेंशन बहाल करने का कोई आदेश जारी नहीं किया। न ही सामाजिक कल्याण विभाग की ओर से कोई नोटिस जारी हुआ है। यहां तक कि मेयर जो आवेदन बता रहे हैं, उसके ऊपर किसी विभाग का नाम तक नहीं। मेयर गुमराह कर रहे हैं। वार्ड के लोग उनसे संपर्क कर रहे हैं कि आवेदन फार्म भरकर दें। लेकिन हमें कोई आवेदन मिला ही नहीं, जो जानकारियां पेंशनधारकों की मांगी जा रही हैं, वे पार्षद के लिए लेना संभव नहीं।