एक सप्ताह से हिंसा से जूझ रही कश्मीर घाटी में शनिवार को हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की मिसाल देखने को मिली। यहां एक कश्मीरी पंडित बुजुर्ग महिला की अर्थी को मुस्लिम समुदाय के लोगों ने कंधा दिया। इसके पहले अनंतनाग के संगम इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हुई अमरनाथ यात्रियों की बस के घायलों को मुस्लिम समुदाय के लोगों ने अस्पताल तक पहुंचाया और हर मुमकिन मदद की।
श्रीनगर के महाराज गंज इलाके में रहने वाले कश्मीरी पंडित दीपक मल्होत्रा की मां का लंबी बीमारी के चलते शनिवार को देहांत हो गया। उनके अंतिम संस्कार के लिए स्थानीय मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सारे इंतजाम किए और परिवार की हर तरह से मदद की।
दीपक मल्होत्रा का परिवार उन परिवारों में से एक है, जिसने 90 के दशक में आतंकवाद के चरम दौर में भी कश्मीर से पलायन नहीं किया। दीपक अपने चाचा के मकान में ही उनके साथ रहते हैं। दीपक के चाचा धनराज मल्होत्रा का इसी साल अप्रैल में निधन हो गया था।
इसमें भी स्थानीय मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सारे इंतजाम किए थे। कश्मीरी पंडित समुदाय ने मुस्लिम समुदाय की इस भाव की सराहना की, वहीं मुस्लिम समुदाय के लोगों के अनुसार वह सब भाई हैं। एक दूसरे की सहायता करना उनका कर्तव्य है।