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अब आतंकी सरगना सरूरी की तलाश तेज, ऑपरेशन त्रिशक्ति में कई आतंकी रडार पर

Mon, 30 Sep 2019 12:01 AM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू

सार

  • बटोत में तीन आतंकी मारे जाने से सुरक्षा बलों को राहत
  • अब बचे आतंकियों के सफाए की तैयारी में जुटीं एजेंसियां
  • नेटवर्क टूटने से बाहर निकलने के लिए मजबूर हुए आतंकी
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भारतीय सेना (सांकेतिक) - फोटो : फाइल, अमर उजाला
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विस्तार
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किश्तवाड़ में आतंकी नेटवर्क चलाने वाले तीन आतंकियों के मारे जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियों को काफी हद तक राहत मिली है। हालांकि आतंक का नेटवर्क तैयार करने वाला सरगना मोहम्मद अमीन उर्फ जहांगीर सरूरी अभी पकड़ से बाहर है। सरूरी को मिलाकर अभी चार से पांच आतंकी ऐसे हैं, जिनका खात्मा सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती है। इससे निपटने के लिए नई रणनीति पर काम शुरू किया गया है। 
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शनिवार को जाहिद और ओसामा के मारे जाने से सुरक्षा बलों को बड़ी कामयाबी मिली है। एक तरह से चिनाब घाटी में हिजबुल मुजाहिदीन के नेटवर्क की कमर तोड़ दी गई है। जाहिद और ओसामा भाजपा नेता और संघ नेता की हत्याओं में शामिल थे। जबकि मारा गया अन्य आतंकी फारुक पीडीपी नेता के अंगरक्षक से बंदूक छीनने की वारदात में शामिल था। 

पिछले पंद्रह दिन से पुलिस, एनआईए और सेना ने आतंकियों के लिए काम करने वाले ओजी वर्करों को दबोचना शुरू किया है। इस दौरान 30 ओवर ग्राउंड वर्करों को दबोचा गया। पूछताछ से मिली जानकारी के आधार पर चार आतंकी भी पकड़े गए। यह आतंकी जाहिद, ओसामा और अन्य आतंकियों को पनाह दे रहे थे। जब इनके पनाह देने का भंडाफोड़ हो गया तो यह आतंकी किश्तवाड़ से भाग निकले। लेकिन इनको मार गिराया गया। 

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अगला नंबर जहांगीर का

सूत्रों का कहना है कि सुरक्षा एजेंसियों ने जहांगीर का पता भी लगा लिया है। इसको मार गिराने के लिए नए सिरे से रणनीति पर काम चल रहा है। चिनाब घाटी में सक्रिय चार से पांच आतंकियों को पकड़ने के लिए एनआईए और पुलिस मिलकर काम कर रही है। जहांगीर गिरी का नंबर भी जल्द लग सकता है।

 

ध्वस्त हो चुका नेटवर्क

किश्तवाड़ में चारों घटनाओं के मॉड्यूल का पता चलने के बाद किश्तवाड़ में पिछले पंद्रह दिन से पुलिस और एनआईए मिलकर काम कर रहे थे। 30 ओवरग्राउंड वर्करों को पकड़ा गया। आतंकियों को किश्तवाड़ में सिर छुपाने की जगह नहीं मिल रही है। इसलिए वो बाहर भाग निकले। चारों घटनाओं में शामिल तीन आतंकी मारे गए हैं। बहुत जल्द बचे हुए आतंकियों का भी सफाया होगा।-भीमसेन टूटी, डीआईजी डोडा- किश्तवाड़-रामबन रेंज 

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चिनाब वैली को बहुत जल्द किया जाएगा आतंक मुक्त: डीजीपी

पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह - फोटो : फाइल, अमर उजाला
जम्मू कश्मीर के पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह ने रविवार को बटोत का दौरा किया जहां शनिवार को तीन आंतकवादी मारे गए थे। डीजीपी ने बताया कि मारे गए तीनों आतंकवादियों का संबंध भाजपा नेता परिहार बंधु और संघ नेता चंद्रकांत शर्मा की हत्या से जुड़ा हुआ था। 

उन्होंने कहा कि किश्तवाड़-डोडा में पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां द्वारा चलाई जा रही आतंक विरोधी कारवाई के चलते यह आंतकवादी कश्मीर घाटी ओर भागने की फिराक थे लेकिन जवानों ने आतंकवादियों के नापाक मंसूबों को नाकाम कर उन्हें मार गिराया। यह सुरक्षा एजेंसियों के लिए बहुत बड़ी कामयाबी है।

उन्होंने कहा कि बहुत जल्द चिनाब वैली से आंतकवाद को जड़ से खत्म कर दिया गया जिसके चलते क्षेत्र में सक्रिय आतंकवादियों की पहचान कर ली गई इसके अलावा उनके सहयोगियों पर भी कड़ी कार्रवाई की जा रही है।

उस घर भी पहुंचे दिलबाग सिंह जहां आतंकी छिपे थे
उन्होंने उस घर का दौरा किया जहां पर आतंकी छिपे हुए थे और परिवार के सभी सदस्यों के साथ मिलकर उन्हें सुरक्षा का भरोसा दिलाया और मुठभेड़ में शामिल सभी जवानों का हौसला बढ़ाया।  
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