जिले की मेंढर तहसील के कृष्णा घाटी क्षेत्र में नियंत्रण रेखा के पास शनिवार दोपहर आतंकियों ने एक सैन्य वाहन के नीचे आईईडी विस्फोट कर दिया, जिससे सैन्य वाहन के दो टुकडे़ हो गए। इस हादसे में सैन्य वाहन का चालक और सह चालक सुरक्षित बच गए।
इस घटना के उपरांत क्षेत्र में तैनात सेना ने नियंत्रण रेखा के पास तलाशी अभियान शुरू किया जा देर रात तक जारी था। इस घटना की पुष्टि करते हुए सैन्य प्रवक्ता कर्नल मनीष मेहता ने बताया कि आईईडी विस्फोट में केवल सैन्य वाहन ही क्षतिग्रस्त हुआ है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर करीब 11.30 बजे मेंढर तहसील के कृष्णा घाटी क्षेत्र में नियंत्रण रेखा पर तैनात सेना की थ्री ग्रिनेडियर का एक वाहन नंगी टेकरी से राशन लेकर नियंत्रण रेखा के पास लगाई गई तारबंदी के आगे स्थित एफडीएस पोस्ट की तरफ जा रहा था।
इस बीच अचानक बीच सड़क वाहन के बीचोबीच एक जोरदार आईईडी विस्फोट हो गया, जिससे वाहन के दो टुकडे़ हो गए। एक हिस्सा, जिसमें चालक और सह चालक सवार थे, वह आगे को निकल गया और दूसरा हिस्सा वहीं पलट गया।
विस्फोट की जोरदार आवाज के बाद सेना के जवानों ने पूरे क्षेत्र को घेर कर तलाशी अभियान शुरू किया, जो देर रात तक जारी था। तलाशी अभियान के दौरान सेना के हाथ कुछ भी नहीं लगा। उधर, सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार इस विस्फोट के पीछे नियंत्रण रेखा के उस पार मौजूद आतंकियों का हाथ है।
आईईडी ब्लास्ट में बाल बाल बचे सेना के जवान
पुंछ जिले के कृष्णा घाटी सेक्टर में आतंकियों द्वारा सड़क किनारे एक आईईडी प्लांट की गई थी। शनिवार को वहां से सैन्य वाहन गुजरने के दौरान ब्लास्ट हुआ। इसमें हालांकि, सैन्य वाहन को भारी क्षति पहुंची, पर वाहन में सवार सभी जवान बाल बाल बचे गए।
इलाके में कुछ और आईईडी की आशंका के चलते सेना द्वारा इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान चलाया गया। सैन्य सूत्रों के मुताबिक घुसपैठ में नाकाम रहने के बाद आतंकी संगठन एलओसी से सटे क्षेत्र में आईईडी प्लांट कर जवानों को निशाना बनाने की रणनीति अपना रहे हैं।
इससे पहले भी आतंकियों द्वारा मेंढर में एलओसी से सटे इलाके में आईईडी ब्लास्ट कर बीएसएफ के राशन वाहन को उड़ाया था। इसमें पांच जवान घायल हो गए थे। इसके अलावा कृष्णा घाटी सेक्टर में भी आईईडी ब्लास्ट की दो वारदात को आतंकी अंजाम दे चुके हैं।
लाल चौक में ग्रेनेड हमला
पुलिस और सीआरपीएफ के मुताबिक लाल चौक में आतंकियों ने पलेडियम सिनेमा के पास बने सीआरपीएफ बंकर को निशाना बनाकर फेंका गया ग्रेनेड बंकर के बाहर ही फट गया था। इसमें ड्यूटी पर तैनात सीआरपीएफ के एक सब इंस्पेक्टर हरी राम दिवाकर सहित सात स्थानीय नागरिक घायल हो गए।
लाल चौक के घंटा घर से महज 200 मीटर की दूरी पर स्थित इस सीआरपीएफ बंकर पर किए गए ग्रेनेड हमले में आसपास खड़े वाहनों को भी भारी क्षति पहुंची है। ग्रेनेड हमले के तुरंत बाद घटनास्थल की घेराबंदी कर आतंकियों की धरपकड़ को सर्च आपरेशन चलाया गया, पर कोई हाथ नहीं लगा था।
घायल स्थानीय लोगों की पहचान देवसर कुलगाम के ग़ुलाम नबी नायक और फारूक अहमद, कावूसा बडगाम के अब्दुल रहमान वानी और सलीमा बानो, शिवपुरा के मुश्ताक़ अहमद डार, नटीपुरा के सैयद अब्दुल मजीद और बेमिना के बशीर अहमद वानी के रूप में हुई है।