जम्मू। जम्मू-कश्मीर मेडिकल इंप्लाइज फेडरेशन (जेकेएमईएफ) के बैनर तले चिकित्सा कर्मियों ने मंगलवार को ब्लाक डंसाल में धरना देकर अपनी मांगों को उठाया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि लंबित डीपीसी सहित अन्य मांगें जल्द पूरी न हुईं तो आंदोलन तेज होगा।
जेकेएमईएफ के फेडरेशन प्रधान सुशील सूदन ने कहा कि पिछले चार साल से डीपीसी न होने के कारण हजारों चिकित्सा कर्मचारी प्रभावित हैं। पदोन्नति न मिलने के कारण सैकड़ों कर्मचारी सेवानिवृत्त हो गए हैं। इससे उन्हें उनका हक नहीं मिल पाया है। उन्होंने मांग की कि सरकारी मेडिकल कॉलेज और ड्रग एंड फूड आर्गेनाइजेशन की तर्ज पर डीपीसी की जाए। उन्होंने कोरोना से मारे गए चिकित्सा कर्मियों के परिवारवालों को मुआवजे में देरी पर भी रोष जताया। फीमेल मल्टीपर्पज हेल्थ वर्करों का लंबित पांच माह का वेतन जारी करने की मांग की। साथ ही कहा कि केंद्रीय फार्मेसी एक्ट 1948 के तहत जम्मू-कश्मीर के पूर्व के फार्मासिस्टों को पंजीकृत किया जाए। एसआरओ 20 में संशोधन किया जाए। धरने में महेश शर्मा, मनोज गुप्ता, खालिद मोहम्मद, आशु दत्त, वंदना शर्मा, अमरदीप, सुशील आदि मौजूद रहे।